किसानों को सबसे अधिक नुकसान पहुंचा सकता है कोरोना वायरस

Mar 26 2020 03:57 PM
किसानों को सबसे अधिक नुकसान पहुंचा सकता है कोरोना वायरस

कोरोनावायरस की वजह से होने वाला लॉकडाउन किसानो की अर्थव्यवस्था को बिगाड़ सकता है. सरे सीजन सारी मंडियां बंद हो चुकी हैं. ऐसे में किसान रबी सीजन वाली फसलों की उपज लेकर कहां जाएं. इसके लिए सरकारी मदद की तत्काल दरकार है. देश के विभिन्न हिस्सों में रबी सीजन की फसलें खलिहान से मंडियों में आने को तैयार है, जिनमें गेहूं, चना, सरसों और धनिया जैसी फसलें प्रमुख है. लेकिन मंडियों में लाकडउन की वजह से उसे किसानों की हालत पस्त है.

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आपकी जानकारी के लिए बात दे कि खरीफ सीजन में भारी बारिश की वजह से सोयाबीन व मूंगफली समेत कई स्थानीय फसलें पहले चौपट हो गई थीं, जिसके चलते रबी सीजन की फसलों पर बहुत सारा दारोमदार है. किसान उसे बेचकर कर्ज चुकता करने की जल्दी में है. लेकिन उसे उल्टी मार सहनी पड़ सकती है. एक ओर तो मंडियां बंद है, दूसरी तरफ कीमतें घट रही है. भला ऐसे में किसानों को दोतरफा मार पड़ रही है.

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मंडियों में एक अप्रैल से सरकारी खरीद चालू हो जाती है, जिसका सभी किसानों को इंतजार रहता है. लेकिन कोरोना प्रभाव और लाकडाउन होने से देश के सभी राज्यों में मंडियां 14 अप्रैल तक तो बंद ही रहेंगी. इन स्थितियों में स्थानीय छोटे व्यापारियों ने नगदी की जरूरत वाले किसानों से औने-पौने भाव में खरीद करनी शुरु कर दी है. व्यापारी पैसे का भुगतान एडवांस में कर रहे हैं, जबकि उपज का उठाव मंडी खुलने पर किया जाएगा.

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