कच्चे स्प्राउट्स से शरीर को हो सकते हैं ये बड़े नुकसान, पढ़े जरूर

स्प्राउट्स (Sprouts) या अंकुरित अनाज एक बेहतरीन चीज है और आज के समय में कई लोग इसे खाते हैं। इसे न्यूट्रिशन का पावर हाउस कहना गलत नहीं है। जी हाँ और इनको हर दिन की डाइट में शामिल करने की सलाह भी दी जाती है। आप सभी को बता दें कि अंकुरित अनाज सेहत के लिए काफी फायदेमंद माने जाते हैं जो आपको कई तरह की बीमारियों से बचाने का काम करते हैं। हालाँकि आप यह शायद ही जानते होंगे कि स्प्राउट्स आपकी सेहत के लिए काफी नुकसानदायक भी साबित हो सकते हैं। जी दरअसल स्प्राउट्स (Raw Sprouts) को कच्चा खाना आपके लिए हानिकारक साबित हो सकता है। अमेरिकी हेल्थ एजेंसी सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) के अनुसार, स्प्राउट्स को कभी भी कच्चा नहीं खाना चाहिए, जी हाँ क्योंकि इन्हें कच्चा खाने से आपकी सेहत पर बुरा असर पड़ सकता है। हम आपको बताते हैं कैसे?

यूएस फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (FDA) के मुताबिक, कच्चे स्प्राउट्स का सेवन आपके लिए काफी खतरनाक साबित हो सकता है। स्प्राउट्स बीज से उगते हैं और कई बार अंकुरित होने की प्रक्रिया के दौरान इनमें ई।कोलाई (E।Coli) और सैल्मोनेला (Salmonella) जैसे हानिकारक बैक्टीरिया भी पनपने लगते हैं। यह बैक्टीरिया किसी भी चीज में हो सकते हैं लेकिन जिस तरह से स्प्राउट्स उगाए जाते हैं उनमें ये बैक्टीरिया होने का खतरा अधिक होता है। वहीं दूसरी तरफ एफडीए का कहना है कि, अगर बीज के बाहर और बीज में कोई हानिकारक बैक्टीरिया मौजूद होते हैं तो वह अंकुरित होने के दौरान काफी बढ़ सकते हैं। घर पर उगाए जाने वाले स्प्राउट्स में भी यह खतरा बना रहता है।

वहीं दूसरी तरफ सीडीसी के अनुसार, बैक्टीरिया के साथ उगे इन स्प्राउट्स को कच्चा खाने से आपको फूड पॉइजनिंग की समस्या हो सकती है। केवल यही नहीं बल्कि यहां तक की अगर आप स्प्राउट्स को अच्छी तरह से पकाकर नहीं खाते हैं तो भी आपको इसके नुकसान झेलने पड़ सकते हैं। आपको बता दें कि स्प्राउट्स को अच्छी तरह से पकाने से इसमें मौजूद बैक्टीरिया मर जाते हैं और बीमार पड़ने का खतरा कम हो जाता है। एफडीए (FDA) की सलाह के मुताबिक स्प्राउट्स को खाने से पहले चलते पानी में अच्छी तरह से धो लेना चाहिए, क्योंकि इससे बैक्टीरिया कम हो जाते हैं लेकिन सीडीसी का कहना है कि सिर्फ धोना ही काफी नहीं है बैक्टीरिया को पूरी तरह से खत्म करने के लिए इसे अच्छे से पकाना जरूरी होता है।

सीडीसी का कहना है, फूड पॉइजनिंग की समस्या किसी को भी हो सकती है, और जिन लोगों की इम्यूनिटी कमजोर होती है उन्हें इसका खतरा ज्यादा होता है। ऐसा इसलिए क्योंकि इन लोगों का शरीर रोगाणुओं और बीमारियों से लड़ने में सक्षम नहीं होता। वहीं एफडीए के अनुसार, ऐसे लोगों को कच्ची सब्जियों और स्प्राउट्स का सेवन बिल्कुल नहीं करना चाहिए।

सरकारी स्कूल में नमाज़।।।, इजाजत देने वाली प्रिंसिपल निलंबित

दक्षिण कोरिया सरकार ने जापानी दबाव पर खेद व्यक्त किया

संयुक्त राज्य अमेरिका के सीनेटर मिट रोमनी को हुआ कोरोना

 

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -