बजरंग बलि के परम भक्त हैं केशव महाराज, पिता आत्मानंद भी रह चुके हैं क्रिकेटर

नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाफ पांच मैचों की टी20 श्रृंखला के अंतिम मैच में साउथ अफ्रीका टीम की कप्तानी स्पिनर केशव महाराज को सौंपी गई। केशव महाराज भारतीय मूल के क्रिकेटर हैं, जो साउथ अफ्रीका की टीम से खेल रहे हैं। यह भी संयोग है कि उन्होंने भारत के खिलाफ उसी की सरजमीं पर कप्तानी भी की। हालांकि, श्रृंखला का अंतिम मुकाबला बारिश के कारण बेनतीजा रहा। इस साल जनवरी में साउथ अफ्रीका दौरे पर भारतीय क्रिकेट टीम को ODI सीरीज में करारी हार झेलनी पड़ी थी। उस समय केशव महाराज ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट शेयर करते हुए 'जय श्री राम' लिखा था। इसके बाद से ही सोशल मीडिया पर केशव छाए हुए हैं। 

बता दें कि केशव महाराज, हनुमान जी के बड़े भक्त हैं। भारतीय मूल के केशव साउथ अफ्रीका में रहते हैं, मगर पूरी तरह भारतीय रीति-रिवाज का पालन करते हैं। सभी हिंदू त्योहार भी मनाते हैं। केशव महाराज का भारत के साथ उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर से भी गहरा नाता है। दरअसल, एक साक्षात्कार में केशव के पिता आत्मानंद महाराज ने बताया था कि उनके पूर्वज सुल्तानपुर से संबंध रखते थे। 1874 में उनके पूर्वज अच्छी नौकरी की तलाश में भारत से डरबन आ गए थे। उस वक़्त अफ्रीका में काफी अवसर थे। तब अफ्रीका को अच्छी स्किल वाले मजदूरों की दरकार थी और भारतीयों के पास खेती का अच्छा अनुभव था। 

 

बता दें कि केशव महाराज के परिवार में कुल 4 सदस्य हैं। जिसमे उनके माता-पिता और एक बहन है। उनकी बहन की शादी श्रीलंका के रहने वाले एक व्यक्ति से हुई है। आत्मानंद ने बताया था कि हम अपने परिवार की 5वी या 6ठी पीढ़ी हैं। 'महाराज' उपनाम मेरे पूर्वजों की ही देन है। हम जानते हैं कि भारत में नाम की क्या अहमियत है। बता दें कि केशव के पिता आत्मानंद भी एक क्रिकेटर रह चुके हैं। वह घरेलु क्रिकेट में विकेटकीपर थे। हालांकि आत्मानंद को कभी भी टेस्ट क्रिकेट खेलने का अवसर नहीं मिला, क्योंकि तब अफ्रीका में क्रिकेट शुरू नहीं हुआ था।

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