निश्चल प्रेम बोल रहा है

निश्चल प्रेम बोल रहा है

िताया हुआ ,,
तुम्हारे साथ हर क्षण मुझे ,,
एक हल्की सी छुअन करा जाता है ......
तुम्हारा मेरे प्रति अगाध स्नेह ,,
और निश्चल प्रेम बोल रहा है ,,
तुम यहीं कहीं मेरे आस पास ही हो ,,
जो मुझे अहसास करा रहा है ,,
तुम कहीं नहीं गए ,,
तुम मेरे पास और पास आ रहे हो जैसे