संस्कृत विद्यालयों और महाविद्यालयों के छात्र ऐसे हुए पास

उत्तराखंड के संस्कृत विद्यालयों एवं महाविद्यालयों के शिक्षा सत्र 2019-20 के बोर्ड परीक्षार्थियों के अलावा बाकी छात्र-छात्राओं को बिना परीक्षा दिए पास कर दिया गया है। कोरोना संकट और लॉकडाउन में विद्यालय बंद होने की वजह से शिक्षा मंत्री अरविंद पांडे के निर्देश के बाद शासन की ओर से इसका आदेश जारी किया गया है।संस्कृत शिक्षा परिषद के उप सचिव डॉ. संजू प्रसाद ध्यानी के मुताबिक राज्य के संस्कृत विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में कक्षा एक से पांचवी तक, कक्षा छह से आठ वीं, 9वीं व 11वीं के छात्र-छात्राओं को पास कर दिया गया है। 

परिषद के उप सचिव ने कहा कि संस्कृत विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में इन कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं की परीक्षाएं पूरी नहीं हो पाईं थीं।शासनादेश के तहत अब इन कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं अगली क्लास में एडमिशन ले सकेंगे। संस्कृत शिक्षा निदेशक एसपी खाली ने कहा कि छात्र-छात्राओं को बिना परीक्षा पास किए जाने का प्रस्ताव शासन को भेजने के बाद इसका शासनादेश हो गया है। 

उन्होंने कहा कि इन विद्यालयों और महाविद्यालयों में अब नया शिक्षा सत्र भी शुरू हो जाएगा। इन विद्यालयों और महाविद्यालयों में छात्र छात्राओं को ऑनलाइन पढ़ाया जा रहा है।संस्कृत शिक्षा निदेशक एसपी खाली ने कहा कि संस्कृत विद्यालयों में छात्र-छात्राएं ऑनलाइन एडमिशन ले सकते हैं। इसके अलावा फोन करके भी अगली क्लास में एडमिशन लिया जा सकता है।

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