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जस्टिस करनन को करना होगा 11 मार्च तक कोलकाता हाई कोर्ट में ज्वाइन

जस्टिस करनन को करना होगा 11 मार्च तक कोलकाता हाई कोर्ट में ज्वाइन

चेन्नई : मद्रास हाई कोर्ट के जस्टिस सी एस करनन को 11 मार्च तक कोलकाता हाई कोर्ट में पदग्रहण करने का आदेश जारी किया गया है। पिछले दिनों करनन ने चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया टी एस ठाकुर द्वारा किए गए तबादले को खुद ही निरस्त कर दिया था। बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने 12 फरवरी को जस्टिस करनन का तबादला कोलकाता हाई कोर्ट में कर दिया था।

इसके बाद करनन ने 15 फरवरी को इसकी सुनवाई के लिए इसे अपने ही कोर्ट में लिस्ट किया और फिर सुनवाई कर अपने ही ट्रांसफर ऑर्डर पर स्टे लगा दिया। इसे देखते हुए मद्रास हाई कोर्ट के रजिस्टार ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दी। गुस्साए सुप्रीम कोर्ट ने भी आदेश दिया कि जस्टिस करनन को किसी भी प्रकार का न्यायिक काम न करने दिया जाए।

सूत्रों के मुताबिक राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी ने करनन के ट्रांसफर ऑर्डर पर हस्ताक्षर कर दिया है औऱ अब उन्हें 11 मार्च तक कोलकाता हाइकोर्ट में ज्वाइन करना है। करनन ने भी अपनी इस हरकत के लिए माफी मांगते हुए कहा था कि टेंशन में वो मानसिक रुप से परेशान थे। इसलिए ऐसा कर बैठे।

इससे पहले जब ट्रांसफर ऑर्डर रिलवीज हुआ था, तो तमतमाए करनन ने कहा था कि मुझे शर्म महसूस होता है कि मैं भारत में पैदा हुआ हूँ। अपने तबादले पर उन्होने कहा था कि मैं दलित जाति का हूँ, इसी कारण मेरे साथ यह सब हो रहा है।