केंद्र सरकार के कदमों से खतरे में है लोकतंत्र

पटना। लालू प्रसाद यादव ने मीडिया को बेन करने के मामले में केंद्र सरकार की आलोचना की है। उन्होंने लिखा है कि आखिर पीएम मोदी कौन सा लोकतंत्र गढ़ने में लगे हें। लोकलाज से लोकराज चलता है। लोकतंत्र में लोकशर्म को नज़रअंदाज नहीं किया जा सकता है। हालात तो ये हैं कि सरकार गैर सरकारी संस्थाओं की स्वतंत्रता को दबाने में लगी है। इस तरह के आरोप लगाते हुए पूर्व रेल मंत्री ने ट्विटर पर ट्विट किया है।

उन्होंने लिखा है कि देश में फासीवाद प्रारंभ हो गया है। लोकतंत्र खतरे में है। सरकार के विरूद्ध जो भी बोल रहा है उसे प्रतिबंधित किया जा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री बिहार लालू प्रसाद यादव ने लिखा है कि ढाई वर्ष में ही केंद्र सरकार की हालत खराब हो गई है। हेडलाईंस और मार्केटिंग की सरकार की इस तरह की खराब हालत होना स्वाभाविक है। उन्होंने कहा कि कुछ नेताओं को तो पीड़ितों से मिलने के लिए पकड़ा जा रहा है इसमें दिल्ली राज्य के मुखिया शामिल हैं।

गौरतलब है कि ओआरओपी को लेकर पूर्व सेनिकों के आंदोलन में पूर्व सेनिक रामकिशन ग्रेवाल ने आत्महत्या कर ली थी। जिसके बाद मामला गर्मा गया था। इस मामले पर भी लालू प्रसाद यादव ने टिप्पणी लिखी और ट्विट किया। लालू प्रसाद यादव लोकप्रिय समाचार चैनल द्वारा पठानकोट हमले पर आपत्तीजनक प्रसारण करने के मामले में केंद्र सरकार की आलोचना कर रहे थे। इस मामले में एनडीटीवी को एक दिन के लिए बेन किया गया है। लालू प्र्रसाद यादव ने ट्विट कर इस मामले की आलोचना की है।

गठबंधन से नहीं होगा सपा को लाभ

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -