ऐसा क्या लिखूँ

ऐसा क्या लिखूँ

सा क्या लिखूँ जो 
तेरे दिल को तसल्ली हो जाये
क्या इतना कहना काफी नही हैं
कि मेरी "ज़िन्दगी हो तुम"..!