शेयर मार्केट : फेडरल रिजर्व पर रहेगी निवेशकों की नजर

शेयर मार्केट : फेडरल रिजर्व पर रहेगी निवेशकों की नजर

मुंबई : देश के शेयर बाजारों में अगले संक्षिप्त सप्ताह में कई प्रमुख आर्थिक आंकड़े और अमेरिका के फेडरल रिजर्व की मौद्रिक नीति बैठक पर निवेशकों की नजर टिकी रहेगी। अगले सप्ताह गुरुवार 17 सितंबर को गणेश चतुर्थी के अवसर पर बाजार बंद रहेगा। अगले सप्ताह निवेशकों की नजर वैश्विक रुझानों, मानसून की प्रगति, विदेशी पोर्टफोलियो निवेश (एफपीआई) और घरेलू संस्थागत निवेश (डीआईआई) के आकड़ों, डॉलर के मुकाबले रुपये की चाल और तेल की कीमतों पर भी बनी रहेगी। कंपनियों द्वारा मौजूदा कारोबारी साल के लिए अग्रिम कर की दूसरी खेप जमा करने की आखिरी तारीख 15 सितंबर है।

निवेशकों की नजर इस महीने पेश होने वाले अग्रिम कर के आंकड़े पर भी रहेगी, जिससे दूसरी तिमाही में कंपनियों की आय का अनुमान लगाने में सुविधा होगी। अगले सप्ताह तेल विपणन कंपनियों के शेयर पर निवेशकों की नजर रहेगी। तेल विपणन कंपनियां हर महीने के मध्य और आखिर में इससे पहले के दो सप्ताहों में अंतर्राष्ट्रीय मूल्यों के आधार पर तेल मूल्य की समीक्षा करती हैं। सोमवार को बाजार औद्योगिक विकास दर के आंकड़े पर प्रतिक्रिया करेगा।

शुक्रवार को जारी आंकड़े के मुताबिक जुलाई महीने में देश की औद्योगिक विकास दर 4.2 फीसदी रही, जो जून में 3.8 फीसदी थी। सोमवार 14 सितंबर 2015 को सरकार अगस्त महीने के लिए उपभोक्ता महंगाई दर के आंकड़े जारी करेगी। जुलाई महीने में उपभोक्ता महंगाई दर 3.78 फीसदी थी। सोमवार को ही सरकार अगस्त महीने के लिए थोक महंगाई दर के आंकड़े जारी करेगी।

जुलाई महीने में देश की थोक महंगाई दर नकारात्मक 4.05 फीसदी थी। थोक महंगाई दर लगातार नौ महीने से नकारात्मक दायरे में है। अंतर्राष्ट्रीय बाजार में अमेरिका के फेडरल रिजर्व की नीति निर्मात्री समिति फेडरल ओपेन मार्केट कमिटी (एफओएमसी) की 16-17 सितंबर को होने वाली बैठक पर निवेशक टकटकी लगाए रहेंगे और दर वृद्धि के समय के बारे में अनुमान लगाने की कोशिश करेंगे। फेड की ब्याज दर बढ़ने से दुनिया के तमाम उभरते बाजारों में बिकवाली होने और विदेशी निवेश के बाहर निकल कर विकसित देशों की तरफ रुख करने का अनुमान है।(आईएएनएस)