केंद्र सरकार सड़क परियोजना पर 15 हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी : नितिन गडकरी

May 01 2015 10:39 PM
केंद्र सरकार सड़क परियोजना पर 15 हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी : नितिन गडकरी

शिलांग : केंद्रीय सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने कहा है कि पूर्वोत्तर का विकास सुनिश्चित करने के लिए इस क्षेत्र के सभी राज्यों में बड़े पैमाने पर सड़क परियोजनाएं चलाई जाएंगी. केंद्र सरकार इन पर 15 हजार करोड़ रुपये खर्च करेगी. उन्होंने कहा कि किसी भी क्षेत्र का विकास वहां की सड़कों के विकास के बगैर नहीं हो सकता है. गडकरी 1 मई को पूर्वोत्तर का स्कॉटलैंड कहे जाने वाले शिलांग के पास बनी दो सड़क परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करने के अवसर पर उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे. ये दोनों सड़क परियोजनाएं राष्ट्रीय राजमार्ग 40 व 44 को जोड़ेंगी. इनमें एक शिलांग बाइपास है जबकि दूसरी जोरबाट-बारापानी के बीच चार लेन वाली राज्यमार्ग की परियोजना है.

पूर्वोत्तर की यह पहली प्रमुख सड़क है जो चार लेन की बनाई गई है. इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री ने एक महत्वपूर्ण घोषणा यह की कि सरकार ने पूर्वोत्तर में युवकों को रोजगार उपलब्ध कराने के लिए यह तय किया है कि इन परियोजनाओं को पूरा करने के लिए स्थानीय ठेकेदारों को ही ठेके दिए जाएंगे. इसके लिए 40 व 50 करोड़ रुपये के छोटे-छोटे टेंडर जारी किए जाएंगे जिससे स्थानीय ठेकेदार बड़ी संख्या में आगे आ सकें. उन्होंने यह भी कहा कि 630 करोड़ रुपये की लागत से जोबाई तक 103 किलोमीटर लंबी सड़क का निर्माण कार्य भी अगले तीन महीने में शुरू कर दिया जाएगा.

इसी प्रकार नागालैंड में दो हजार करोड़, अरुणाचल प्रदेश में 3300 करोड़ तथा अन्य राज्यों में भी अरबों रुपये की सड़क परियोजनाएं पूरी की जाएंगी. गडकरी ने सभी संबंधित राज्यों सरकारों का आह्वान किया कि केंद्र सरकार न केवल राष्ट्रीय राजमार्ग बल्कि राज्य स्तरीय सड़कों के निर्माण में भी सहायता देने को तैयार है. बशर्ते कि भूमि अधिग्रहण तथा वन व पर्यावरण विभाग के अनापत्ति से संबंधित कागजात समय रहते उपलब्ध कराए जाएं. उन्होंने यह भी कहा कि पूर्वोत्तर में जंगल बहुत हैं और खनिज पदार्थ भी बहुत हैं तो देश के तमाम हिस्सों के साथ बेहतर परिवहन व्यवस्था कायम होने की स्थिति में इस इलाके के विकास की अपार संभावनाएं हैं.

सीमेंट और कंक्रीट से बनाई जाएंगी सड़कें -

गडकरी ने कहा कि यह भी तय किया गया है कि अब सड़कें सीमेंट और कंक्रीट से बनाई जाएंगी क्योंकि मेघालय में बारिश बहुत होती है और कोलतार से बनी सड़कें जल्दी टूट जाती हैं. केंद्रीय मंत्री ने कहा कि बहुत जल्द ही उनका मंत्रालय जल मार्ग परिवहन को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाने वाला है. इस क्रम में 101 जलमार्ग विकसित किए जाएंगे और ब्रह्मपुत्र नदी में भी बड़ी संख्या में वाटरक्राफ्ट चलाई जाएंगी. इस मौके पर केंद्रीय गृहराज्य मंत्री किरण रिजिजू व मेघालय सरकार के मंत्रियों सहित केंद्र व राज्य सरकार के आला अधिकारी व अन्य गणमान्य लोग भी मौजूद रहे.