शुक्रवार तक पेश न होने पर बिहार बोर्ड करेगा टॉपरों पर कार्रवाई

Jun 02 2016 10:38 AM
शुक्रवार तक पेश न होने पर बिहार बोर्ड करेगा टॉपरों पर कार्रवाई

पटना : बिहार बोर्ड की 12वीं की परीक्षा में टॉप करने वाले दो छात्रों को बोर्ड ने शुक्रवार को बोर्ड के समक्ष पेश होने का आदेश जारी किया है। इसके लिए सार्वजनिक तौर पर अखबारों में विज्ञापन प्रकाशित किए गए है। विज्ञापन में कहा गया है कि आर्टस संकाय में टॉप करने वाली रुबि राय और साइंस संकाय में टॉप करने वाले सौरभ श्रेष्ठ के रिजल्ट पर रोक लगाई जाती है।

बोर्ड द्वारा आर्टीस और साइंस के कुल 14 छात्रों को नोटिस जारी किया गया है। यदि ये छात्र शुक्रवार को दोपहर 3 बजे तक बोर्ड के समक्ष पेश नहीं होते है, तो इन पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। खबरों में आने के बाद बिहार विद्दालय परीक्षा समिति ने तुरंत एक्शन लेते हुए 3 जून तक इनका रिव्यू एग्जाम कराने का भी आदेश दिया है।

यह परीक्षा विषय के विशेषज्ञों द्वारा ली जाएगी। बिहार के शिक्षा मंत्री अशोक चौधरी ने माना कि व्यवस्था में कहीं न कहीं चूक हुई है और इसे सरकार की विश्वसनीयता पर धब्बा लग गया है। मंत्री ने कहा कि एक सप्ताह के अंदर पूरे मामले की जांच कर ली जाएगी और जो भी दोषी पाए जाएंगे उन पर शख्त कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने कहा कि हमारा मानना है कि चूक एक-दो केस में ही हुई है, लेकिन इससे पूरे परीक्षा परिणाम पर सवालिया निशान नहीं लगाया जा सकता है। आर्टस में टॉप हुई रुबि राय को तो ये भी नहीं पता कि पॉलीटिकल साइंस को कहते क्या है। उनके अनुसार, यह प्रोडिकल साइंस है और इसमें खाना बनाना सिखाया जाता है।

और तो और उन्हें यह भी ज्ञात नहीं कि 12वीं की परीक्षा कितने नंबर की हुई थी। बकौल रुबि परीक्षा 600 अंको की हुई थी। अब जब बात बाहर आ चुकी है, तो बिहार स्कूल एग्जाम कमेटी ने पहली बार ये फैसला किया है कि इस बार के इंटर टॉपर्स का इंटरव्यू लिया जाएगा। साइंस में टॉप करने वाले सौरक्ष श्रेष्ठ का हाल भी कुछ ऐसा ही है। कहने को तो उन्होने स्कूल में मन लगाकर पढ़ाई की और प्रैक्टिस करते रहे, लेकिन एक ही सवाल ने उनकी टायं-टायं फिस्स कर दी।