क्या गर्मी की छुट्टी में सुप्रीम कोर्ट कम कर देगा सुनवाई ?

देश की सर्वोच्च अदालत सुप्रीम कोर्ट में गर्मी की छुट्टी 22 जून से तीन जुलाई तक ही रहेगी. इस दौरान शीर्ष न्यायालय में सिर्फ जरूरी मामलों की वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिये सुनवाई होगी. शुक्रवार को जारी सर्कुलर के अनुसार, ग्रीष्मावकाश के पहले सप्ताह 22 से 26 जून तक दो खंडपीठ (जज इन चेंबर व रजिस्ट्रार कोर्ट) वीडियो व टेली कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सुनवाई करेंगी. अवकाश के दूसरे सप्ताह 30 जून से तीन जुलाई तक भी दो पीठ मामलों की सुनवाई करेंगी. कोर्ट ने नए मामलों को लेकर भी दिशा-निर्देश और अलग-अलग मामलों के लिए अलग-अलग ईमेल आइडी जारी किए हैं.

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मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, लॉकडाउन के दौरान सुप्रीम कोर्ट वीडियो कांफ्रेन्सिंग के जरिए सात हजार से ज्यादा मामलों की सुनवाई करने का विशेष लक्ष्य हासिल करने जा रहा है. देश में 25 मार्च से लगाए गए लॉकडाउन के बाद से सुप्रीम कोर्ट की 617 पीठ ने वीडियो कांफ्रेन्सिंग के माध्यम से 6,991 मामलों की सुनवाई कर ली है. इन 617 पीठ में से 293 ने वीडियो कांफ्रेन्सिंग के माध्यम से मुख्य मामलों की सुनवाई की जबकि अन्‍य 324 पीठों ने पुनर्विचार याचिकाओं पर गौर किया. यही नहीं रजिस्ट्रार के न्यायालय ने भी 150 मामलों पर विचार किया.

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इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक, वीडियो कांफ्रेन्सिंग के जरिए मुकदमों की सुनवाई में वकीलों की भागीदारी में तेजी से वृद्धि दर्ज की गई. करीब 25,000 वकीलों ने वीडियो लिंक का उपयोग किया. यही नहीं शीर्ष अदालत की विभिन्न पीठ ने इस अवधि के दौरान 670 फैसले भी सुनाए. इनमें 132 मुख्य मामले थे जबकि 538 इनसे जुड़े थे. इस अवधि में न्यायालय ने जेलों में कोरोना की रोकथाम और वीडियो कांफ्रेन्सिग के जरिए मुकदमों की सुनवाई के लिए दिशा निर्देश भी जारी किए. वेबसाइट से प्राप्‍त जानकारी के मुताबिक, वीडियो कांफ्रेन्सिंग के जरिए मामलों की सुनवाई करने वाली अदालतों में सुप्रीम कोर्ट सबसे आगे रहा है. 

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