वॉक्सवैगन को कठिन समय से उबारेंगे मुलर

वॉक्सवैगन को कठिन समय से उबारेंगे मुलर

पॉर्श एजी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी माथियास मुलर को हाल ही में वॉक्सवैगन समूह के द्वारा यहाँ का मुख्य कार्यकारी अधिकारी बनाया गया है. मामले में यह बात सामने आई है कि वॉक्सवैगन समूह एक घोटाले के तहत फँसा हुआ है और इसके चलते माथियास मुलर को समूह ने तत्काल रूप से मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में नियुक्त किया है. जबकि सूत्रों से यह बात सामने आई है कि मुलर पॉर्श में भी मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) के रूप में काम करते रहेंगे, और वे यहाँ तब तक CEO बनकर रहेंगे जब तक की पॉर्श को कोई अन्य उम्मीदवार नहीं मिल जाता है.

जानकारी में यह सामने आया है कि वॉक्सवैगन का यह मानना है कि मुलर ही कम्पनी को इस कठिन समय से बाहर निकलने में मदद कर सकते है. गौरतलब है कि वॉक्सवैगन धोखाधड़ी मामले में फंसी हुई है और यह मामला लगातार गहराता ही जा रहा है. इस मामले में मुलर ने यह कहा है कि "फ़िलहाल हमारा लक्ष्य कम्पनी के लिए फिर से लोगों का भरोसा जितना है, और इस काम में हम कोई भी कसार बाकि नहीं छोड़ने वाले है. हम फिर से लोगों के साथ खड़े होंगे और वह भी अधिक पारदर्शिता के साथ."

साथ ही मुलर ने यह भी कहा है कि वॉक्सवैगन हमारे देश में शासन और अनुपालन को लेकर सर्वाधिक मानक विकसित और लागु किये जाने के लिए कम्पनी सबकुछ करेगी. इसके साथ ही हम इस कठिन संकट से भी उबरने के लिए सबकुछ करने को तैयार है. एक बयान से यह बात भी सामने आई है कि वे वॉक्सवैगन एजी के प्रबंधन बोर्ड के अध्यक्ष भी है और फरवरी 2020 तक वे यहाँ CEO के पद पर सारा कार्यभार संभालेंगे.