'जो आपसे 70 सालों में नहीं हुआ, वो मोदी सरकार ने 9 साल में किया..', एयरपोर्ट को लेकर आपस में भिड़े सिंधिया-चिदंबरम

नई दिल्ली: केंद्रीय उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने रविवार (30 जुलाई) को मोदी सरकार के तहत निर्मित और संचालित हवाई अड्डों की संख्या के बारे में लोगों को गुमराह करने के लिए पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस नेता पी चिदंबरम को आड़े हाथों लिया। दरअसल, एक ट्वीट कांग्रेस नेता में पी चिदंबरम ने आरोप लगाया था कि, ''सरकार के दावे कि उन्होंने ''पिछले 7 वर्षों में 74 हवाई अड्डे'' बनाए हैं, खोखले और झूठे हैं। मई 2014 के बाद से केवल 11 नए हवाई अड्डे बनाए गए और जो चालू हैं। 74 "हवाई अड्डों" में 9 हेलीकॉप्टर स्टेशन और दो वॉटरड्रोम शामिल हैं।'

 

चिदंबरम ने आगे कहा कि, 'उद्घाटन के तुरंत बाद वॉटरड्रोम बंद हो गए! 74 "हवाई अड्डों" में से 15 अब उपयोग में नहीं हैं, क्योंकि वहाँ कोई फ्लाइट्स नहीं हैं! भाजपा-NDA सरकार ने 479 नए "मार्ग" लॉन्च किए। इनमें से 225 अब परिचालन में नहीं हैं!” इसके साथ ही कांग्रेस नेता ने हवाई अड्डों के बारे में ये जानकारी प्रदान करने के लिए एक वामपंथी अखबार को धन्यवाद भी दिया और दावा किया कि 'सरकार की प्रत्येक योजना को आंशिक रूप से सच और अधिकतर झूठ के रूप में उजागर किया जा सकता है। शेखी बघारना और अतिशयोक्ति मौजूदा सरकार की पहचान है।' 

पूर्व केंद्रीय मंत्री और INX मीडिया केस में जमानत पर चल रहे कांग्रेस नेता पी चिदंबरम के इस दावे के बाद केंद्रीय उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने तथ्य रखते हुए उन्हें जवाब दिया। सिंधिया ने कहा कि, “सरकार ने पीएम मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में 74 हवाई अड्डों को "परिचालित" किया है, जिनमें से कुछ दशकों से अप्रयुक्त पड़े थे और राष्ट्रीय देनदारियां थीं, पिछली UPA सरकार द्वारा की गई शून्य पहल के लिए धन्यवाद! इसलिए, 74 की सूची में पूर्व अप्रयुक्त हवाई अड्डों के साथ-साथ नए हवाई अड्डे भी शामिल हैं।'

सिंधिया ने जोर देते हुए कहा कि, 'नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने ग्रीनफील्ड हवाईअड्डा नीति 2008 के तहत 2015 से देश में 12 हवाईअड्डों का संचालन शुरू कर दिया है। हीरासर (इस सप्ताह उद्घाटन) में परिचालन जल्द ही शुरू होगा। आपकी जानकारी के लिए, पिछले 65 वर्षों में केवल 3 ग्रीनफ़ील्ड हवाई अड्डे बनाए गए थे!' उन्होंने चिदंबरम को जवाब देते हुए कहा कि, 'किसी मार्ग का संचालन पूरी तरह से बाजार की मांग पर निर्भर है (एयरलाइंस किसी विशेष मार्ग पर संचालन की व्यवहार्यता का आकलन करती है और फिर योजना के तहत बोली लगाती है)। डिमांड बढ़ने पर एयरपोर्ट के बुनियादी ढांचे का उपयोग किया जा सकता है। साथ ही, जैसे-जैसे एयरलाइंस क्षमताएं बढ़ा रही हैं और हवाई यात्रा की मांग बढ़ रही है, उड़ान योजना के नए दौर के तहत कई बंद मार्गों के लिए एयरलाइंस द्वारा फिर से बोली लगाई जा रही है। 

केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि, 'उड़ान योजना के तहत, योजना की शुरुआत के बाद से 74 हवाई अड्डों/हेलीपोर्ट/वाटर एयरोड्रोम को पुनर्जीवित/उन्नयन और चालू किया गया है। उड़ान योजना के तहत १.23 करोड़ से अधिक लोगों और २.23 लाख फ्लाइट्स ने उड़ान भरी है - जिसकी संभावना UPA शासन के दौरान शून्य थी। और यह एक सच्चाई है जिसे सनसनीखेज़ ट्विटर पोस्टों से ख़त्म नहीं किया जा सकता है।'

केंद्रीय उड्डयन मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा किए गए प्रयास बुनियादी ढांचे के विस्तार, दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुंच प्रदान करने और क्षेत्रीय विकास का समर्थन करने की अपनी प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करते हैं। उन्होंने कहा कि, 'उड़ान योजना कई क्षेत्रीय एयरलाइनों के जन्म का एकमात्र कारण है, इन विकासों में अभूतपूर्व पूंजी निवेश शामिल है – पिछले 10 वर्षों में लगभग 75000 करोड़ रुपये – जो सीधे रोजगार की वृद्धि से जुड़ा हुआ है, देश में और हवाई यात्रा करने के लिए समाज के सभी वर्गों की बढ़ती आकांक्षाओं को पूरा करने के अलावा इसका गहरा सामाजिक प्रभाव भी है।'

सिंधिया ने कांग्रेस नेता को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि, 'पिछली सरकारें 70 वर्षों में जो हासिल करने में विफल रहीं, वह केवल 9 वर्षों में हासिल किया गया है! पी चिदंबरम जी, स्पष्ट रूप से, तथ्य-जांच वर्तमान कांग्रेस का मजबूत पक्ष नहीं है। अस्तित्व और प्रासंगिकता की हताशा ने आप जैसे वरिष्ठ समझदार नेताओं को प्रभावित किया है। कृपया आधे-अधूरे सच को कायम न रखें!” बता दें कि, एक रिपोर्ट के अनुसार, 2014 तक देश में 74 संचालित एयरपोर्ट हुआ करते थे, जो आज बढ़कर 140 हो गए हैं और अगले 5 सालों में सरकार इनकी संख्या 220 करने का लक्ष्य लेकर चल रही है। जिससे हवाई सफर तो सस्ता होगा ही, साथ ही लोगों के लिए रोज़गार के अवसर भी खुलेंगे और कनेक्टिविटी भी बेहतर होगी।  

मंच से लग रहे थे अल्लाह-हु-अकबर के नारे, अचानक हुआ विस्फोट और बिछ गईं लाशें, 35 की मौत, 200 घायल

'बद्रीनाथ धाम बौद्ध मठ को तोड़कर बनाया गया..', सपा नेता स्वामी प्रसाद के बयान पर क्या बोलीं मायावती ?

'आडवाणी का अपमान करने में भाजपा ने कोई कसर नहीं छोड़ी..', सिंधी समाज से बोले कमलनाथ- कांग्रेस को वोट दो

 

 

Related News