यक़ीं तोड़ आया हूँ

ाल्लुक़ रख लिया बाक़ी, यक़ीं तोड़ आया हूँ,
किसी का साथ देना था, किसी को छोड़ आया हूँ,
तुम्हारे साथ जीने की क़सम खाने से कुछ पहले,
मैं कुछ यादें, कई क़समें कहीं पे तोड़ आया हूँ....

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -