छावनी में तब्दील धार, भोजशाला के बाहर यज्ञ के साथ पूजा प्रारंभ

Feb 12 2016 11:15 AM
छावनी में तब्दील धार, भोजशाला के बाहर यज्ञ के साथ पूजा प्रारंभ

धार : विवादों और सुरक्षा के बीच मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला के बाहर यज्ञ के साथ पूजा आरंभ हो गई है। शुक्रवार को बसंत पंचमी की शुरुआत हुई, इसके एक माह पहले से ही प्रशासन और हिंदू संगठन तैयारियों में जुटे थे। शुक्रवार को भोज उत्सव समिति और हिंदू जागरण मंच ने भोजशाला के बाहर मोतीबाग में हवनकुंड में यज्ञ के साथ पूजा शुरु की।

संगठनों का कहना है कि सरकार का रवैया ठीक नहीं है, हम अंदर पूजा नहीं करेंगे। 400 से अधिक लोगों ने अब तक दर्शन कर लिया है। यज्ञ में आहूति डालने के लिए लोग लंबी लाइनों में लगे है। इससे पहले सुबह पूजन की सारी सामग्री भोजशाला के अंदर ले गई थी, जिसे बाद में बाहर लाया गया। इस दौरान संगठनों का पुलिस और प्रशासन से बकझक भी हुई।

उधर मानखिड़की सहित भोजशाला के आस-पास के इलाकों में प्रशासन पर सख्ती बरतने का आरोप लगाया गया है। यहां लोग घरों में कैद होने की बात कह रहे हैं। लाल बाग से हिंदू समाज सुबह 10 बजे शोभा यात्रा निकालेगा। पुलिस अधिकारी आलोक सिंह, संदीप सोनी, शालिनी श्रीवास्तव, श्रीकांत शर्मा, पूर्णिमा सिंगी भोजशाला में कड़ी सुरक्षा पर है। साथ ही कलेक्टर श्रीमंत शुक्ला और धार के एसपी राजेश हिंगणकर सुबह से ही भोजशाला में डंटे हुए है।

पूरे धार शहर को छावनी में तब्दील किया जा चुका है। कुल 8000 पुलिस कर्मी अलग-अलग स्थानों पर मुस्तैद है। सरकार ने पहले ही साफ कर दिया है कि कानून के दायरे में पूजा और नमाज दोनों की जाएगी। वर्ष 2006 और वर्ष 2013 के बाद तीसरी बार सरकार और प्रशासन को ऐसी स्थिति से दो चार होना पड़ रहा है।

अफसरों ने शहर की दुकानों से 500 कुर्ते-पायजामे खरीद लिए हैं। हिंदू समाज यदि पूजा बाहर करता है तो पुलिसकर्मियों को कुर्ते और भगवा दुपट्टे पहनाकर भोजशाला में डमी पूजा करवा दी जाएगी।