रूस में शरू हुआ कोविड वैक्सीन और टीकाकरण अभियान

राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के आदेश देने के तीन दिन के भीतर शनिवार को रूस में कोरोना वायरस महामारी से बचाव के लिए सार्वजनिक टीकाकरण अभियान शुरू हो चुका है। सबसे पहले डॉक्टरों, शिक्षकों और अधिक खतरा झेल रहे अन्य लोगों को वैक्सीन दी जाने वाली है। इस प्रकार से रूस कोरोना वायरस से बचाव के लिए टीकाकरण शुरू करने वाला विश्व का पहला देश बन चुका है। पुतिन ने देश में कोविड संक्रमण के केसों में भारी बढ़ोतरी को देखते हुए जल्द टीकाकरण शुरू करने का आदेश जारी कर दिया।

जंहा इस बात का पता चला है कि रूस ने यह टीकाकरण अभियान स्वविकसित वैक्सीन स्पुतनिक वी का परीक्षण के समय पूरा होने से पहले ही शुरू कर किया जा चुका है। रूस में इस वक़्त वैक्सीन की 20 लाख खुराक तैयार हैं। टीकाकरण में इनका उपयोग अगले सप्ताह के अंत तक किया जा सकेगा। शनिचर को 70 केंद्रों पर टीकाकरण की शुरुआत हो गई। मॉस्को के मेयर सर्गेई सोब्यानिन ने कहा कि अभियान शुरू होने के कुछ ही घंटों के भीतर पांच हजार लोगों को वैक्सीन दे दी गई। उल्लेखनीय है कि रूस विश्व की पहली कोविड वैक्सीन स्पुतनिक V को पंजीकृत करने वाला देश बन चुका है। इसे वहां के नियामक से अगस्त की शुरुआत में ही स्वीकृति मिल चुकी है।

जंहा इस बात का पता चला है कि राष्ट्रपति पुतिन की बेटी और कई उच्च अधिकारियों ने यह वैक्सीन लगवाई है। इस हप्ते के आरम्भ में नौसेना ने युद्धपोतों पर तैनात अपने कर्मियों को वैक्सीन देना आरम्भ हो चुका है। जंहा इस बता का पता चला है रूस के स्वास्थ्य मंत्री मिखाइल मुराश्को ने बताया है कि विभिन्न चरणों में अभी तक देश के एक लाख से ज्यादा लोगों को वैक्सीन की खुराक दी जा चुकी हैं। हालांकि इस पर कई इंटरनेशनल विशेषज्ञों ने प्रश्न उठाए हैं। बोला कि वैक्सीन की परीक्षण प्रक्रिया पूरी किए बगैर ही उसे इस्तेमाल के लिए सुरक्षित करार दे दिया जा चुका है। उल्लेखनीय है कि भारत में भी स्पुतनिक वी की परीक्षण प्रक्रिया की जा रही है।

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