तुझे अपना बनाने की चाह

तुझे अपना बनाने की चाह

हम तो तुझे अपना बनाने आये थे

तेरे दिल में एक आशियाना बनाने आये थे

ये केसी सजा दी तूने ओ बेवफा

हम तो तुझे अपना बनाने आये थे

इस दुनिया का दस्तूर निराला है

कभी ख़ुशी तो कभी गम देता है

दर्द न बताओ तो कायर कहते है

और किस्सा सुनाओ तो शायर कहते है