'मुस्लिमों को आतंकी बनाता है PFI, अल-क़ायदा से हैं संबंध...', सूफी बोर्ड ने की बैन लगाने की मांग

नई दिल्ली: चरमपंथी इस्लामिक संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) की पोल खोलने में लगे सूफी इस्लामिक बोर्ड ने एक बार फिर से इस पर प्रतिबंध लगाने की माँग की है। सूफी बोर्ड ने दावा करते हुए कहा है कि कट्टरपंथी इस्लामी संगठन PFI आतंकी संगठन अलकायदा से मिला हुआ है और उसी से मिले निर्देशों पर काम करता है।

सूफी इस्लामिक बोर्ड के प्रवक्ता कशिश वारसी ने एक साक्षात्कार में PFI पर भारतीय मुस्लिमों को भड़काने का इल्जाम लगाया है। उन्होंने हैरतअंगेज़ खुलासा करते हुए कहा कि PFI के आतंकी संगठन अलकायदा से मिले होने का खुलासा करने के बाद उन्हें हत्या की धमकी भी मिली है। वारसी कहते हैं कि PFI को कई राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में लिप्त पाया गया है। हमें PFI पर प्रतिबंध लगाने के लिए सरकार से आग्रह किए कुछ दिन हो चुके हैं। अब जब सूफी बोर्ड को अलकायदा ने क़त्ल की धमकी दी है तो ये साबित हो चुका है PFI अलकायदा से जुड़ा हुआ है। इसलिए, सरकार को इस पर बैन लगाकर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।

दो साल पहले भी लगाया था ऐसा ही इल्जाम:-

इससे पहले दिसंबर 2020 में भी सूफी इस्लामिक बोर्ड ने PFI के दहशतगर्दों के साथ मिले होने और मुस्लिम युवाओं को जिहाद के लिए कट्टरपंथी बनाने का इल्जाम लगाया था। इतना ही नहीं सूफी इस्लामिक बोर्ड ने PFI पर उसकी राजनीतिक शाखा सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी ऑफ इंडिया (SDPI) के माध्यम से मुस्लिमों को भ्रमित करने का आरोप लगाया था। बोर्ड ने आरोप लगाया कि PFI संगठन देश में मुस्लिमों को जिहाद के लिए भड़काता है और उन्हें यह यकीन दिलाता है कि मरने के बाद उन्हें जन्नत में ’72 हूरें’ मिलेंगी। इसी बहकावे में आकर मुस्लिम युवक जिहादी और आतंकी बनते हैं।

कांग्रेस से भाजपा में आए इस दिग्गज नेता को गृह मंत्रालय ने दी X केटेगरी सुरक्षा

औरंगज़ेब लेन का नाम 'बाबा विश्वनाथ मार्ग' रखा जाए, BJYM ने दिल्ली में चिपकाया पोस्टर

'जेल जाने से डर रहे हैं हार्दिक पटेल, इसलिए...', जिग्नेश मेवाणी ने अपने पुराने साथी पर बोला तीखा हमला

 

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -