शिक्षा से जुड़ा मामला कोर्ट पहुंचा, लॉकडाउन में बच्चों को स्कूल से किया बाहर

पंजाब में कोरोना वायरस ने कई लोगो को संक्रमित कर दिया है. जिस वजह से राज्य में लॉकडाउन किया गया है. लेकिन इस दौरान गोबिंदगढ़ के एक निजी स्कूल ने हाल ही में कई बच्चों को स्कूल से निकाल दिया. इसके खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग, पंजाब सरकार और स्कूल प्रबंधन को 29 मई के लिए नोटिस जारी कर जवाब मांगा है.

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इस मामले को लेकर एडवोकेर फेरी सोफत के जरिए अभिभावकों की संस्था पेरेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन द्वारा दायर याचिका पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट ने सुनवाई की. पेरेंट्स वेलफेयर एसोसिएशन ने याचिका में बताया कि वह पिछले दो तीन वर्षों से स्कूल द्वारा लगातार फीस बढ़ाए जाने का विरोध करती रही है. संबंधित अथॉरिटी को स्कूल की शिकायत भी की जा चुकी है .

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आपकी जानकारी के लिए बता दे कि 3 मार्च को संस्था ने जिला शिक्षा अधिकारी को शिकायत करते हुए कहा था कि स्कूल अब धमका रहा है कि जो भी विरोध कर रहे हैं, उनके बच्चों को स्कूल से निकाल दिया जाएगा. जिला शिक्षा अधिकारी ने 16 मार्च को स्कूल को पत्र लिखकर कहा था कि जब तक  उनके पास शिकायत लंबित है तब तक  बच्चों को  स्कूल से नहीं निकालेंगे और न ही फीस में कोई बढ़ोतरी करेंगे. लेकिन जिला शिक्षा अधिकारी ने 25 मार्च को बिना याचिकाकर्ता संस्था का पक्ष सुने अपना आदेश वापस ले लिया. इसके बाद एसोसिएशन ने राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग से शिकायत कर दी. आयोग ने 9 अप्रैल को फतेहगढ़ साहिब के डीसी को पत्र लिखकर  एसोसिएशन के हक में स्कूल को निर्देश जारी किए थे. लेकिन इसके अगले ही दिन स्कूल ने कई छात्रों को निकाल दिया.

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