निजी क्षेत्र के उत्पादन में आ रही गिरावट

निजी क्षेत्र के उत्पादन में आ रही गिरावट

मुंबई : जहाँ एक तरफ देश लगातार तरक्की की तरफ बढ़ता जा रहा है वहीँ दूसरी तरफ यह बात भी सामने आ रही है कि उत्पादन को लेकर चाल मंदी बनी हुई है. बताया जा रहा है कि सितम्बर माह के दौरान देश में निजी क्षेत्र से उत्पादन वृद्धि की दर में गिरावट देखने को मिली है. मामले में यह बात सामने आ रही है कि देश में मांग कम बनी हुई है जिसके कारण मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस सेक्टर में कमी का दौर बना हुआ है. हाल ही में निक्केई इंडिया के द्वारा एक रिपोर्ट सामने आई है जिसमे इस बात का खुलासा हुआ है.

निक्केई के द्वारा यह बात सामने आई है कि मिश्रित पीएमआई उत्पादन सूचकांक को सितमबर महीने के दौरान 51.5 पर देखने को मिला है जोकि अगस्त महीने में 52.6 के स्तर पर देखा गया था. मैन्युफैक्चरिंग और सर्विस सेक्टर की स्थिति के आंकलन के लिए इस सूचकांक का इस्तेमाल किया जाता है जिससे यह बात सामने आई है कि ग्रोथ में कमी आ रही है.

इसके साथ ही यह बात भी बताई जा रही है कि निक्केई कारोबारी गतिविधि सूचकांक भी कम हुआ है और यह सितंबर महीने के दौरान 51.3 पर देखने को मिला है जोकि अगस्त महीने के दौरान 51.8 पर देखने को मिला था. रिपोर्ट से इस बात का भी खुलासा हुआ है कि आर्थिक हालत में कमजोरी के कारण ग्रोथ में भी प्रभाव देखने को मिला है. गौरतलब है कि जब भी सूचकांक 50 से नीचे रहता है तो इसे कमजोरी और जब यह 50 से ऊपर रहता है जो इसे वृद्धि के रूप में देखा जाता है.