जुमा मुबारक शायरियां

ए खुदा…….
बस यही गुजारिश है तुम से
धन बरसे या न बरसे पर
रोटी या प्यार को कोई न तरसे.

 

अस्सलाम वालेकुम
हर किसी के लिए दुआ किया करो
किया पता किसी की किस्मत
तुम्हारी दुआ का इंतज़ार कर रही हो
जुम्मा मुबारक.

 

आज तो मेरी हक में कर देना दुआ
सुना है यह बोहुत क़बूल्यात का होता है.

 

सारी तारीफ़ें ऊस खुदा के लिए है जो बोलने
वाले का कलाम को सुन्नता है खामूश
रहने वाले के दिल की बात जनता है.

 

काश उन को भी याद आऊं में जुम्मा की दुआओं में
जो अक्सर मुझसे कहते है दुआओं में याद रखना.

 

जो किस्मत में न हो
वोह रोने से नहीं मिलता
मगर दुआ से मिल जाता है.

 

दिलों के झूकने से होते है आबाद घर खुदा के
सिर्फ सजदों से नहीं सजती वीरान मस्जोदें कभी.

 

या अल्लह आज जुमा की नमाज़ के बाद जितने भी
हाथ तेरी बारगाह में दुआ के लिये उठे है
सब की दुवा कुबूल फरमा.

 

जब रन राज़ी होने लगता है तो
बंदे को अपने ऐबों का पता चलना शुरू हु जाता है
और ये इसकी रहमत की पहेली निशानी है.

 

चार चीजों को खूब संभाल के रखो
नमाज़ में दिल को
तन्हाई में सोच को
महफ़िल में जुबां को
रास्ते में निघा को.

अल्टीमेट जोक्स

डबल मीनिंग जोक्स आ गए भइया, बड़े दिनों बाद

बहुत ही ज्यादा फाड़ू WhatsApp Status

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -