नई नीतियों को लाना होगा : अरुण जेटली

नई नीतियों को लाना होगा : अरुण जेटली

केंद्रीय वित्तमंत्री अरुण जेटली ने रविवार को कहा कि राजनीतिक मतभेद पश्चिम बंगाल के विकास में आड़े नहीं आएगा और उन्होंने राज्य को पूर्ण सहयोग का वादा किया. जेटली ने यहां बंधन बैंक के उद्घाटन के मौके पर कहा कि पूर्वी क्षेत्र के विकास के लिए जरूरी है कि वह पुरानी और बेकार हो चुकी नीतियों का त्याग करें. जेटली ने कहा, "पश्चिम बंगाल में एक बड़े संस्थान का जन्म हो रहा है। बड़ी बात यह है कि बंगाली उद्यम का उदय हो रहा है. उन्होंने कहा, "यहां वैश्विक व्यापार सम्मेलन (जनवरी) में मैंने कहा था कि जिस पार्टी से मैं जुड़ा हूं और जो पार्टी यहां सत्ता में है, वे परस्पर विरोधी हैं और यह विरोध संभवत: कायम रहेगा. उन्होंने कहा, "लेकिन जहां तक देश और राज्य के विकास की बात है, राजनीतिक मतभेद आड़े नहीं आएगी. हम पश्चिम बंगाल के विकास में पूरा सहयोग देंगे.

उन्होंने पिछली वामपंथी सरकार की आलोचना करते हुए कहा, "कल जब मैं यहां आया, तो मैंने काफी सुखद बदलाव देखा. पूरा शहर नीले रंग से रंगा हुआ था, जिसपर मोटे अक्षरों में बंधन बैंक लिखा हुआ था. जेटली ने कहा, "मुझे पुराने दिन याद हैं, पूरा शहर लाल रंग से रंगा रहता था. शहर में किसी संस्थान का जन्म नहीं हो रहा था. उन्होंने कहा कि जो संस्थान पहले से थे, वे भी बाहर जा रहे थे. उन्होंने कहा कि बंधन बैंक के अध्यक्ष अशोक लाहिड़ी और राज्य के वित्तमंत्री अमित मित्रा भी बाहर चले गए थे.मंत्री ने कहा, "रंग का यह बदलाव दोनों को वापस ले आया है.

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, बिहार, ओडिशा और पूर्वोत्तर को विकास, आर्थिक गतिविधि और रोजगार बढ़ाने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में कृषि क्षेत्र में काफी संभावना है, क्योंकि यहां पानी की कमी नहीं है. जेटली ने कहा कि पूर्वोत्तर भारत में तेल एवं गैस का प्रचुर भंडार है, जबकि पश्चिम बंगाल और ओडिशा में विशाल खनिज भंडार मौजूद है. इसलिए इन राज्यों में विकास के लिए बुनियादी चीजें हैं.उन्होंने कहा, "जरूरत है कि पुरानी बेकार नीतियों से पीछा छुड़ाया जाए और महत्वपूर्ण क्षेत्र की संभावनाओं पर ध्यान दिया जाए. (आईएएनएस)