नासिक महाकुंभ में पहला शाही स्नान : महिलाओ ने किया स्नान का बहिष्कार

Aug 29 2015 10:16 AM
नासिक महाकुंभ में पहला शाही स्नान : महिलाओ ने किया स्नान का बहिष्कार

नासिक : महाराष्ट्र में आज संतों का जमावड़ा लगा हुआ है। यहां नासिक में संत समुदाय त्र्यंबकेश्वर ज्योर्तिलिंग के नज़दीक पवित्र गोदावरी नदी में डुबकी लगाकर पुण्य लाभ ले रहा है। संतों के स्नान के बाद यहां करीब 80 लाख से 1 करोड श्रद्धालु स्नान का लाभ लेने में लगे हैं। स्नान का क्रम तड़के सवा चार बजे से ही प्रारंभ हो गया। इस दौरान सबसे पहले संतों ने स्नान किया। संत समुदाय कुंभ के दौरान पेशवाई के साथ शाही अंदाज़ में गोदावरी नदी के तट तक पहुंचा। इस दौरान उनका भव्य स्वागत किया गया। स्नान के लिए संत समुदाय के साथ ही आमजन कुशावर्त कुंड पहुंचे और स्नान का आनंद लिया।

इस दौरान श्रद्धालुओं ने स्नान के बाद सूर्य को अध्र्य दिया वहीं उन्होंने संतों के दर्शन और उनके सद्वचनों का लाभ भी लिया। कुंभ पर्व के दौरान श्रद्धालुओं ओं को विभिन्न अखाड़ों के साधनारत साधुओं का सान्निध्य भी प्राप्त हुआ। श्रद्धालुओं ने धुनि रमाते संतों के दर्शनों का लाभ लिया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु रामकुंड में स्नान के लिए भी उमड़े। इस दौरान जूना अखाड़ा ने सबसे पहले स्नान कर पवित्र स्नान की शुरूआत की। जिसके बाद निर्वाणी अखाड़े के संतों ने स्नान किया। उल्लेखनीय है कि कुंभ का अगला स्नान 13 सितंबर को होगा। इसके बाद 18 सितंबर को तीसरा स्नान होगा। अभी अभी यह खबर भी मिली है कि नाशिक में शाही स्नान का महिलाओ ने बहिष्कार किया है, महिलाओ के लिए अलग से स्नान की सुविधा नहीं होने से साध्वी महिलाओ ने इस शाही स्नान का बहिष्कार किया है.

उल्लेखनीय है कि यह कुंभ 25 सितंबर तक चलेगा। एक माह तक यहां संत डेरा डाले रहेंगे इस दौरान आम श्रद्धालुओं को साधु - संतों का सान्निध्य प्राप्त होगा। मिली जानकारी त्र्यंबकेश्वर में तड़के 3.30 बजे से साधु - संतों की टोलियां कुशावर्त कुंड के लिए निकल पड़ी थी।

संतों ने पेशवाई के माध्यम से स्नान में प्रवेश किया। पहले संतों ने स्नान किया और फिर आम जन स्नान के लिए उमड़े। उल्लेखनीय है कि कुंभ के स्नान के दौरान सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रखी गई है। इस दौरान सीसीटीवी से भी स्नान आयोजन स्थल पर निगरानी रखी जा रही है। कंट्रोल रूम से स्नान की व्यवस्थाओं पर नज़र रखी जा रही है। स्नान के लिए अतिरिक्त घाटों की व्यवस्था भी की गई है।