मिल जाये सच्चा गुरु तो सफलता निश्चित है

प्रत्येक मनुष्य के जीवन मे गुरु का होना अति आवश्यक होता है गुरु ही हमें सदमार्ग का दर्शन कराता है, हम चाहे किसी भी धर्म जाति संप्रदाय के क्यों न हो बिना गुरु के ज्ञान की प्राप्ति नहीं कर सकते है। भगवान राम नें भी गुरु का सहारा लिया था और यह जाना की धर्म क्या है? अधर्म क्या है? न्याय अन्याय के बीच ज्ञान अर्जित किया था हमें अपने जीवन को सफल बनाने के लिए गुरु की शरण मे जाना ही होगा क्योंकि गुरु ही हमे सत्य व अहिंसा का पाठ पढ़ाता है ।

जो हमें सच्चा ज्ञान दे सही रास्ता दिखाये वही हमारा गुरु हो सकता है गुरु का कोई धर्म जाति संप्रदाय नही होता वह तो मानव के जीवन को सफलता प्रदान करने वाला सच्चा साधन होता है। गुरु जीवन कि इस डोर को कैसे आगे बढ़ाना है जीवन कैसे जीना है? सारी शिक्षा देता हे हम उसके ऋण से कभी भी मुक्त नहीं हो सकते है गुरु ही हमारी उन्नति के लिए सतत प्रयास करता है हमें अपने गुरु के प्रति आस्था रखनी चाहिये।

जिस तरह कुम्हार मिट्टी को पीट पीट कर एक सुंदर पात्र मे बदल देता हे उसी तरह गुरु भी शिष्य को एक सच्चा इंसान बना देता है। शास्त्रों में गुरु की महिमा को बहुत बड़ा बताया गया है, कहा गया हे की गुरु ही भगवान हे वह हमें सच्चे ज्ञान का दर्शन कराता है बिना गुरु के ज्ञान से हमें मुक्ति भी नहीं मिल सकती है इस लिए प्रत्येक व्यक्ति के जीवन मे गुरु का होना अति आवश्यक है।

 

ख़ूबसूरती के बाद भी आखिर तोता क्यों रहता है पिंजरे में और कौआ आजाद

इसलिए भगवान शिव धारण करते है बाघ की खाल

जाति से नहीं इंसान कर्म से महान बनता है

धार्मिक ग्रंथ जो मानव को बनाते है महान

 

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -