फेसबुक बोर्ड अधिकारी ने किया भारत विरोधी ट्वीट, जकरबर्ग को मांगना पड़ी माफ़ी

Feb 11 2016 09:33 AM
फेसबुक बोर्ड अधिकारी ने किया भारत विरोधी ट्वीट, जकरबर्ग को मांगना पड़ी माफ़ी

नई दिल्ली. भारत के नेट न्यूट्रैलिटी के सपोर्ट में आने और अपनी फ्री बेसिक्स की योजना अटकने से फेसबुक बुरी तरह से भड़क गया. फेसबुक के एक बोर्ड डायरेक्टर मार्क एंड्रीसन ने बुधवार को ट्वीट करते हुए कहा कि भारत, ब्रिटिश राज के अंडर ही रहता तो बेहतर होता. एंड्रीसन सिलिकॉन वैली के सबसे बड़े इन्डस्ट्रलिस्ट शख्सियत में से एक हैं और फेसबुक के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के सदस्य है. वो इस बात से खफा है कई कोशिशों के बाद भी फ्री बेसिक्स भारत में काम नहीं कर पाया.

आपको जानकारी देते हुए चले की 2 दिन पहले ट्राई ने नेट न्यूट्रैलिटी खत्म करने से इंकार कर दिया था. फेसबुक अधिकारी मार्क एंड्रीसन को लगता है कि भारत नेट न्यूट्रैलिटी जैसे फिजूल के विचार का सपोर्ट कर रहा है. मार्क का कहना है कि इंटरनेट टैरिफ को लेकर भारत का फैसला सही नहीं है और ये देश ब्रिटिश राज के ही अंडर होता तो इसकी हालत ज्यादा बेहतर होती. एंड्रीसन ने ट्वीट करते हुए लिखा कि कॉलोनिअलिज्म (उपनिवेशकवाद) विरोध के चलते तो भारतीयों को दशकों तक आर्थिक नुकसान हुए हैं तो अब इसे क्यों रोका जा रहा है?

उनके इस ट्वीट के बाद ट्विटर और फेसबुक पर जमकर बवाल मच गया और लोग भड़क गए. लोगो ने उनकी कड़ी आलोचना की और उनके दिमागी हालत के बारे में भी सवाल उठाए. हालाँकि एंड्रीसन ने बाद में अपना ट्वीट डिलीट कर दिया लेकिन तब तक लोग उसका स्क्रीन शॉट निकाल लिया.

मार्क जकरबर्ग ने मांगी माफ़ी -

लोगो की नाराजगी और सोशल मीडिया पर मचते बवाल को देखकर फेसबुक सीईओ मार्क जकरबर्ग ने देर रात अपनी वॉल पर पोस्ट कर एंड्रीसन के ट्वीट के लिए माफ़ी मांगी. उन्होंने लिखा, "एंड्रीसन के भारत पर किए ट्वीट पर मैं माफ़ी मांगता हूं. मैं और फेसबुक कोई भी इस ट्वीट का समर्थन नहीं करते. मैं भारत को चाहता हूं और फेसबुक की भी ऐसी ही सोच है.