छत्तीसगढ़ में नक्सलियों का उत्पात, चौथा हमला चार जवान शहीद

Apr 13 2015 11:42 PM
छत्तीसगढ़ में नक्सलियों का उत्पात, चौथा हमला चार जवान शहीद
छत्तीसगढ़/रायपुर : छत्तीसगढ़ में अभी 3 दिन भी पुरे नहीं हुए उससे पहले ही नक्सलियों ने चौथा हमला कर दिया है। खबर के मुताबिक नक्सलियों ने सोमवार को दंतेवाड़ा जिले में किरंदूल पुलिस थाने के तहत चोलनार-किरंदूल रोड पर एक बम निरोधक वाहन को ब्लास्ट कर उड़ा दिया। हमले में एक जवान घटनास्थल पर ही शहीद हो गया। ब्लास्ट में जख्मी हुए 11 जवानों में से तीन की इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई। ब्लास्ट में अलाउद्दीन खान, लल्लूराम प्रधान, जयप्रकाश पासवान और ड्राइवर शिवा कश्यप शहीद हुए। घायल जवानों को एनएमडीसी के अस्पताल में भर्ती किया गया है। घायल जवानों की हालत बेहद गंभीर है और वे कुछ भी बता पाने की स्थिति में नहीं हैं। उन्हें इलाज के लिए रायपुर लाने की तैयारी की जा रही है। बताया जा रहा है कि ब्लास्ट में 50 किलो आरडीएक्स का इस्तेमाल किया गया था।
 
जानकारी के मुताबिक बम निरोधक वाहन में लगभग 12 जवान सवार थे। जवान सर्च ऑपरेशन कर वापस लौट रहे थे। जवान चोलनार कैम्प के पास पहुंचे ही थे कि 60-70 की संख्या में नक्सली आए और ब्लास्ट कर दिया। ब्लास्ट के बाद वे जवानों पर अंधाधुंध फायरिंग करने लगे और जवानों से हथियार लूटने की कोशिश भी की। पास ही कैम्प होने की वजह से बैकअप टीम तुरंत मौके पर पहुंची और जवाबी फायरिंग की। काफी देर तक चली फायरिंग के बाद नक्सली भाग गए, दंतेवाड़ा के एसपी कमल लोचन कश्यप ने घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि फायरिंग थम गई है और अब इलाके में सर्च ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं। उन्होंने यह भी बताया कि तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है।

आपको बता दे कि पिछले तीन दिनों से छत्तीसगढ़ में नक्सलियों ने उत्पात मचा रखा है। शनिवार को सुबह 9-10 बजे के आसपास पिडमेल के जंगल में हुई मुठभेड में 7 जवान शहीद हुए थे और 11 जवान घायल हुए थे। रविवार को कांकेर में नक्सलियों ने माइनिंग कंपनी की 18 गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया था। रविवार-सोमवार की दरमियानी रात कांकेर के पखांजुर में नक्सलियों ने बीएसएफ कैम्प में हमला कर दिया, जिसमें बीएसएफ का एक जवान शहीद हो गया था, दूसरी ओर बचेली में हुई नक्सली हमला के बाद पीसीसी अध्यक्ष भूपेश बघेल ने राज्य सरकार को कोसते हुए कहा कि नक्सलियों को कंट्रोल करने की क्षमता राज्य सरकार के पास नहीं है। जब तक रमन सिंह मुख्यमंत्री हैं इस समस्या का समाधान नहीं होगा। वे केवल फूल चढ़ाने का काम कर रहे हैं।