खंडवा में लव जिहाद, विशाल बनकर अरबाज़ ने की दरिंदगी की हदें पार

खंडवा: मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में नाम बदलकर एक नाबालिग को प्रेम जाल फँसाने और उसके बाद दोस्त के साथ मिलकर छात्रा के साथ  सामूहिक बलात्कार करने के बाद उसका धर्मांतरण कराने की कोशिश का मामला सामने आया है। इस मामले में खंडवा पुलिस ने मुख्य आरोपित अरबाज के दोस्त सादिक को अरेस्ट कर लिया है। वहीं, अरबाज अभी फरार बताया जा है और पुलिस तेजी से उसकी तलाश कर रही है। कक्षा 10 में पढ़ने वाली करीब 15 साल की छात्रा हरसूद थाना क्षेत्र के एक गाँव की निवासी है, जबकि अरबाज सांवली के खानशाहवली में रहता है। दोनों की लगभग तीन माह पहले इंस्टग्राम पर दोस्ती हुई थी। आरोपित ने विशाल नाम से प्रोफाइल बनाकर छात्रा से दोस्ती की थी। छात्रा भी उसकी बातों में आ गई। इसके बाद अरबाज ने उसे शादी करने के बहाने खंडवा बुलाया।

अरबाज की बातों में आकर छात्रा घर से लाल जोड़ा और गहने लेकर उससे मिलने मंगलवार (18 जनवरी 2022) को खंडवा जा पहुँची। अरबाज ने उसे कलेक्टर के बंगले के पीछे एक सरकारी भवन में रुकवाया। उसने वहाँ छात्रा के साथ बलात्कार किया। इसी दौरान छात्रा को पता चला कि आरोपित का नाम विशाल नहीं, बल्कि अरबाज है, तो लड़की ने वहाँ से भागने की कोशिश की, मगर उसे घर में कैद कर लिया। इसके बाद उसने अपने दोस्त सादिक को भी बुलाया और उसके साथ सामूहिक बलात्कार किया। इस दौरान आरोपितों ने पीड़िता का अश्लील फोटो और वीडियो भी ले लिए। आरोपितों ने उसे मुस्लिम बनने के लिए भी धमकाते हुए कहा कि जब वह धर्म परिवर्तन करेगी तभी वह उससे निकाह करेगा। जब लड़की नहीं मानी तो उसे छोड़कर दोनों आरोपी भाग गए। किसी प्रकार वहाँ से निकल छात्रा पुराना बस स्टैंड पहुंची और वहाँ बैठकर रोने लगी। जब लोगों ने एक अकेली लड़की को रोते हुए देखा तो पुलिस को सूचित किया। कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुँचकर पीड़िता को थाने ले लाई। पूछताछ में छात्रा ने पुलिस को पूरी घटना बताई। इस दौरान पीड़िता के बैग से लाल जोड़ा और गहने भी मिलेए।

बुधवार (19 जनवरी 2022) को पुलिस ने पीड़िता का मेडिकल टेस्ट कराया। वहीं, आरोपितों पर बलात्कार और POCSO की गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने अरबाज के साथी सादिक को अरेस्ट कर थाने ले आई और उससे पूछताछ कर रही है। इस दौरान पुलिस को पता चला कि सादिक नगर निगम का दिहाड़ी श्रमिक है और उसी ने सरकारी भवन की चाबी अरबाज को मुहैया कराई थी। इस मामले के मुख्य आरोपित अरबाज अभी फरार बताया जा है और पुलिस उसे तलाश कर रही है।

कांग्रेस के शासन में मारे गए 167 गेंडे, भाजपा राज में केवल 1.., पीटरसन ने PM मोदी को कहा धन्यवाद

बंगाल में नहीं थम रही सियासी हिंसा, अब TMC नेता असीम रॉय को मारी गोली

फिर विवादों में आया JNU, पहले भी लगे थे बाबरी मस्जिद के समर्थन में नारे

 

Most Popular

- Sponsored Advert -