वाम दलों ने कहा, धमकी का मुकाबला करने को तैयार है

वाम दलों ने कहा, धमकी का मुकाबला करने को तैयार है

नई दिल्ली : जेएनयू विवाद को लेकर मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के नेता सीताराम येचुरी को धमकी भरे फोन कॉल आए है। इसके बाद वाम दलों ने कहा कि वे किसी भी धमकी का मुकाबला करने को तैयार है और वे इस मुद्दे पर अपने रुख के लिए राष्ट्र विरोधी करार दिए जाने को लेकर बिल्कुल भी चिंतित नहीं है।

इस जनता दल यूनाइटेड ने भी छात्रों का समर्थन करते हुए कहा कि हम घटना की निंदा करते है। येचुरी को मिली धमकी पर जदयू का कहना है कि यह अभिव्यक्ति की आजादी पर आघात है। माकपा नेता प्रकाश करात ने कहा कि हम इन सबका मुकाबला करने को तैयार है। हम राष्ट्र विरोधी करार दिए जाने से बिल्कुल भी चिंतित नही है।

करात ने कहा कि धमकी वाले फोन कॉल और माकपा कार्यालय पर हुए हमले, जेएनयू में छात्र समुदाय पर हुए हमले और परिसर में हिंदुत्ववादी विचारधारा के सरकार प्रायोजित अधिरोपण के खिलाफ वामपंथी दल के दृढ़ रुख को लेकर दी गई प्रतिक्रियाएं है।

इसलिए साफ है कि ताकतें हमसे नाराज है। इससे पहले भाकपा महासचिव डी राजा ने भी प्रदर्शनकारी छात्रों के समर्थन के लिए उन्हें इसी तरह की धमकियों के फोन कॉल मिलने का दावा किया था।