सामान्य कॉफ़ी की बजाये पिएं डीकैफीनेटेड कॉफ़ी, कम होगा नुकसान

सामान्य कॉफ़ी की बजाये पिएं डीकैफीनेटेड कॉफ़ी, कम होगा नुकसान

सुबह उठते ही कॉफ़ी पीना लगभग सभी को पसंद होता है. यह कई लोगों की आदत में शामिल होता है. वैसे तो सामान्य रूप से कॉफ़ी पीने से कोई नुकसान नहीं है लेकिन अगर आप आवश्यकता से अधिक मात्रा में कॉफ़ी का सेवन करते हैं तो इससे शरीर में एड्रेनालाईन नामक हार्मोन की मात्रा बढ़ जाती है, ये हार्मोन आपकी उत्तेजना को बढ़ाते हैं. इस बात में कोई शक नहीं कि अगर आप बहुत ही अधिक मात्रा में कॉफ़ी पी रहे हैं तो इससे आप तनावग्रस्त और चिड़चिड़े हो जायेंगे. लेकिन अगर आपको कॉफ़ी सूट नही कर रही है तो इसके कुछ और भी तरीके हैं. 

एक दिन में तीन कप से ज्यादा कॉफ़ी का सेवन आपकी नींद को भी खराब कर सकता है. वहीं आप इसकी बजाय डीकैफीनेटेड (Decaffeinated) कॉफ़ी पी सकते हैं. डीकैफीनेटेड कॉफ़ी में कैफीन की मात्रा बिल्कुल कम होती है. आइये जानते हैं इसके बारे में.  

डीकैफीनेटेड कॉफ़ी क्या है 
सामन्य तौर पर इस्तेमाल की जाने वाली कॉफ़ी में से कैफीन की मात्रा को हटा देना ही डीकैफीनेटेड कॉफ़ी कहलाता है. इसके लिए कॉफ़ी बीन्स को पानी की भाप के संपर्क में रखा जाता है जिससे कैफीन घुल जाती है उसके बाद बीन्स को धुलकर और अच्छे से सुखाकर उसमें मौजूद नमी को पूरी तरह ख़त्म करके उन्हें रोस्ट किया जाता है. तो इस पूरी प्रक्रिया में लगभग 97% कैफीन हट जाती है.

फायदे : डीकैफीनेटेड कॉफ़ी में भी उतनी ही मात्रा में एंटी-ऑक्सीडेंट मौजूद होते हैं जितनी कि रेगुलर कॉफ़ी में, लेकिन सामान्य कॉफ़ी की तुलना में डीकैफीनेटेड कॉफ़ी को पीने से आपकी सुस्ती पर कोई फर्क नहीं पड़ता है. यानि इससे आपको कोई नुकसान नहीं होता. 

कितनी पीनी चाहिए : एक दिन में दो या तीन बार ही डीकैफीनेटेड कॉफ़ी का सेवन करें, अगर आपको एंग्जायटी या हाइपरटेंशन के कारण कॉफ़ी पीने के लिए मना किया गया है तो इस कॉफ़ी को भी ना पिएं.  

त्योहारों के बाद जरुरी है Body Detox, जानें क्या है फायदे

फ्लैट टमी के लिए करें Stomach Vacuuming, खूब है चलन में

पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली की हालत बेहद नाजुक, हार्ट और लंग्स ने काम करना किया बंद