भारत ने नेपाल के नाकेबंदी के आरोप को किया ख़ारिज, नेपाल को पहुंचाते रहेंगे सहायता

Oct 08 2015 11:42 PM
भारत ने नेपाल के नाकेबंदी के आरोप को किया ख़ारिज, नेपाल को पहुंचाते रहेंगे सहायता

नई दिल्ली : नेपाल द्वारा भारत पर लगाएं गए नाकाबंदी के आरोप को भारत द्वारा ख़ारिज करते हुए भारत ने नेपाल को सन्देश दिया हे की वो पहले "अपने यहाँ के हालत दुरस्त करे"। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता विकास स्वरूप ने नेपाल में भारत के विरोध में बढ़ रही भावनाओं पर भी चिंता जताई है। स्वरूप ने कहा, "हम यह स्वीकार करते हैं कि भारत विरोधी भावना में बढ़ोतरी हुई है और यह कुछ ऐसा है जिसे लेकर हम गंभीर रूप से चिंतित हैं। इसमें कोई संदेह नहीं है। लेकिन इसके लिए कौन जिम्मेदार है, इन भारत विरोधी भावना को भड़काने का जिम्मेदार कौन है।"

उन्होंने कहा कि नेपाल में इस समय जो अशांति का माहोल बना हुआ है हे उसके चलते भारत की और से भेजा हुआ सामान नेपाल तक नहीं पहुंच पा रहा है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा, "इसका पूरी तरह से दोषी नेपाली नेतृत्व है और हम उनसे उम्मीद करते हैं कि वह जल्द ही कुछ ऐसा करेंगे जिससे भारत और नेपाल की मित्रता पहले जैसी हो जाएगी।" उन्होंने नेपाल द्वारा लगाएं गए अवरूद्ध के आरोप को भी ख़ारिज कर दिया है।

उन्होंने कहा कि भारत की ओर से किसी भी प्रकार की कोई ‘आधिकारिक या गैर आधिकारिक नाकेबंदी’ नहीं की जा रही है बल्कि जो बाधा है वह नेपाल की ओर से निकास एवं प्रवेश स्थलों पर है। उन्होंने बताया की पिछले एक सप्ताह से प्रतिदिन मात्र 250 से 300 ट्रक ही नेपाल बॉर्डर से नेपाल में प्रवेश कर पा रहे हैं जबकि 5033 कार्गो वाहन का नेपाल में प्रवेश का इंतजार है। उन्होंने इसके साथ ही उन्होंने बताय की किस प्रकार से भारतीय ट्रकों एवं अन्य व्यापारियों को हिंसा का सामना करना पड़ा रहा है।