सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने कहा टीवी चैनल 'दलित' शब्द का उपयोग ना करे

Sep 04 2018 08:50 AM
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने कहा टीवी चैनल 'दलित' शब्द का उपयोग ना करे

नई दिल्ली :  भारतीय सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने एक प्रेस नोट जारी करते हुए  भारत के सभी निजी  टीवी चैनलों को बंबई उच्च न्यायालय के एक फैसले के आलोक में अनुसूचित जातियों से जुड़े लोगों के लिए ‘दलित’ शब्द के उपयोग करने से सख़्त मना किया है. साथ ही इन टीवी चैनलों को दलित’ शब्द के उपयोग के बजाए  अनुसूचित जाति के लोग शब्द इस्तेमाल करने को कहा गया है. 

महाराष्ट्र में शुरू हो गई दही हांडी की तैयारियां

गौरतलब है कि  बंबई उच्च न्यायालय ने जून के एक दिशा-निर्देश का उल्लेख करते हुए सभी निजी टीवी चैनलों को संबोधित करते हुए लिखे गए पत्र में  भारतीय सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय को मीडिया को ‘दलित’ शब्द का उपयोग नहीं करने को लेकर एक निर्देश जारी करने पर विचार करने को कहा गया था. बता दें कि पंकज मेशराम की याचिका पर बंबई उच्च न्यायालय की नागपुर पीठ ने ये निर्देश दिया था. 

निकाह हलाला का काला सच: हलाला के नाम पर ससुर ने ही किया बलात्कार

गौरतलब है कि आगामी कुछ महीनो में देश में चुनाव होने वाले वाले है. जिसके चलते टीवी चैनलों और कई पत्र पत्रिकाओं में इन मुद्दों का बहुत जिक्र होता है. टीवी चैनल में भी बातचीत के दौरान एंकर और राजनैतिक  पार्टियों के प्रवक्ता द्वारा भी अनुसूचित जाति के  मुद्दों को खूब उठाया जाता है और घसीटा जाता है.

ख़बरें और भी....

मध्य प्रदेश चुनाव: क्या भाजपा पर भारी पड़ेगा एससी एसटी एक्ट ?

मध्य प्रदेश में किसके सिर सजेगा ताज, तय करेगा सोशल मीडिया !

यूपी में 'जेल योग' का खौफ, बिन अपराध जेल में बंद हो रहे लोग

?