बेमिसाल चित्रकार MF हुसैन की 100वीं वर्षगांठ पर गूगल का सलाम

Sep 17 2015 11:32 AM
बेमिसाल चित्रकार MF हुसैन की 100वीं वर्षगांठ पर गूगल का सलाम

नई दिल्ली : कला जगत की नामचीन हस्ती मक़बूल फिदा हुसैन का आज 100 वां जन्मदिन है और इस अवसर पर Google Doodle ने रंग-बिरंगे अंदाज़ में इस चित्रकार को याद किया है. अक्सर विवादों में रहने वाले हुसैन की पेटिंग दुनिया भर में पसंद की जाती थीं. हुसैन को 'हिंदुस्तान का पिकासो' कह दिया जाता था. घोड़ों के प्रति इस कलाकार का प्रेम जग ज़ाहिर था जो उनकी पेंटिंग में भी साफ तौर पर दिखाई देता था.

विवादों का साथ

अपनी चित्रकला में हिंदू देवी-देवताओं के आपत्तिजनक चित्र भारत में विवादों का कारण बनी. इतना ही नहीं हुसैन ने भारत माता और हिंदु देवी देवता को नग्न अवस्था में दिखाया गया जिसे लेकर हिंदु संगठनों ने कड़ी आपत्ति जताई. आखिरी कुछ सालों में हुसैन के प्रति हिंदु संगठनों का विरोध इतना ज्यादा बढ़ गया कि इस कलाकार ने क़तर की नागरिकता ले ली और 2010 में अपने भारतीय पासपोर्ट का समर्पण कर दिया। हालांकि 2011 में एनडीटीवी को दिए एक इंटरव्यू में हुसैन ने साफ किया था कि उन्हें हिंदुस्तान से हमेशा मोहब्बत रहेगी और उन्हें भारत की प्रजातंत्र व्यवस्था पर गर्व है.

विशेष उपलब्धियां

हुसैन को पद्म श्री, पद्म भूषण और पद्म विभूषण से नवाजा जा चुका है. उनके द्वारा बनाई गई महाभारत पर केंद्रित पेंटिंग 'Battle of Ganga and Jamuna: Mahabharata 12' को 2008 में 10 करोड़ 60 लाख अमेरिकी डॉलर में खरीदी गई. इसके साथ ही हुसैन की इस पेंटिंग ने दुनिया के मशहूर कला केंद्र क्रिस्टी के दक्षिण एशियाई मॉडर्न और समकालीन कला की निलामी में विश्व रिकॉर्ड बनाया. 2011 में लंदन के एक अस्पताल में फेफड़े में तकलीफ के बाद हुसैन की दुखद मृत्यु हो गई और उन्होने दुनिया को अलविदा कह दिया.