शेक दीन मोहम्मद के नाम गूगल ने समर्पित किया अपना डूडल

Jan 15 2019 11:07 AM
शेक दीन मोहम्मद के नाम गूगल ने समर्पित किया अपना डूडल

Google हर बड़े मौके पर अपना Doodle बदलकर उस मौके को सेलिब्रेट करता है और इसी क्रम में आज गूगल ने अपने डूडल को शेक दीन मोहम्मद के नाम किया है. आपको बता दें शेक दीन मोहम्मद एक बाहर बड़े सर्जन, यात्री और उद्यमी थे. उनका जन्म साल 1759 में पटना में हुआ था. शेक दीन मोहम्मद का भारत और इंग्लैण्ड के बीच सांस्कृतिक रिश्तों को बढ़ाने में काफी योगदान रहा है. उन्होंने साल 1794 में आज ही दिन इंग्लैण्ड में पहली अंग्रेजी किताब को प्रकाशित किया था.

आपको बता दें शेक दीन मोहम्मद के पिता ईस्ट इंडिया कंपनी में कार्यरत थे. जब शेक दीन मोहम्मद महज 10 साल के थे तब ही उनके पिता का निधन हो गया था. पिता के निधन के बाद उन्हें कैप्टन गॉडफ्रे इवान बेकर के विंग में शामिल कर लिया गया था. जानकारी के लिए बता दें इवान बेकर एक एंग्लो-आयरिश प्रोटेस्टैंट (विरोध करने वाले) ऑफिसर थे और शेक दीन मोहम्मद ईस्ट इंडिया कंपनी की बंगाल रेजिमेंट में एक सैनिक रहे थे.

शेक दीन मोहम्मद काफी दिनों तक सेना में रहे और फिर वो साल 1782 में ब्रिटेन आ गए. यहाँ उन्होंने वहां पहला भारतीय व्यंजन परोसने वाला एक रेस्तरां खोला तह और उनके इस रेस्तरां को हिंदुस्तान कॉफी हाउस के नाम से जाना जाता था. रेस्टोरेंट के ज्यादा ना चल पाने के बाद शेक दीन मोहम्मद ने इंग्लैण्ड के ब्राइटन शहर में बस गए. फिर उन्होंने वहां पर अपने नाम से एक बाथ स्पा खोला और इस बाथ स्पा में वह अपने ग्राहकों को हर्बल स्टीम बाथ देते थे. धीरे-धीरे उनकी चंपी पूरे ब्रिटेन और यूरोप में काफी प्रसिद्ध हो गई. साल 1822 में चौथे किंग जॉर्ज ने उन्हें अपने निजी चंपी सर्जन के तौर पर नियुक्त कर लिया था. आपको बता दें मोहम्मद की मृत्यु 1851 में 32 ग्रैंड परेड, ब्राइटन में हुई थी.

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