बच्चे की उधम से किडनैपर हुए परेशान, रास्ते में हाथ जोड़ छोड़ गए

By Sandeep Meena
Sep 26 2015 07:58 AM
बच्चे की उधम से किडनैपर हुए परेशान, रास्ते में हाथ जोड़ छोड़ गए

जबलपुर। कोई बच्चा जरूरत से ज्यादा शैतानी करता है तो उसके परिवार वाले हमेशा उसकी खिंचाई करते रहते है। लेकिन ग्वारीघाट के नर्मदा नगर में रहने वाले 11 वर्षीय सहेज सिंह की इसी शैतानी की वजह से उसे और उसके परिवार को बड़ी मुसीबत में फसने से बचा लिया। दरअसल मामला यह है की सहेज को बाइक सवार 2 बदमाशों ने अगवा कर लिया था लेकिन रास्ते में सहेज की शैतानी से अपहरणकर्ता इतने परेशान हो गए कि उन्होंने बच्चे को हाथ जोड़कर रास्ते में बाइक से उतारा और भाग निकले।

अपहरणकर्ताओं की गिरफ्त से छूटने के बाद सहेज गुरुद्वारा पहुंचा और वहां लंगर खाया। फिर वहीं के लोगों के द्वार अपने परिवार को खबर दी। पहले तो किसी को सहेज की बातो पर यकीं नही हुआ लेकिन लेकिन जब बारीकी से पड़ताल की तो मालूम पड़ा की बच्चा सही कह रहा है। इसके बाद पुलिस बाइक सवार अपहर्ताओं की तलाश कर रही है। पुलिस के मुताबिक ग्वारीघाट रोड नर्मदा नगर निवासी सरदार कुलदीप सिंह एक बड़े ट्रांसपोर्ट व्यवसायी हैं। कुलदीप का 11 साल का बीटा पोलीपाथर सेंट अलॉयसिस स्कूल में 5 वीं क्लास में पढाई करता है।

गुरुवार की दोपहर वह स्कूल से आने के बाद वह करीब 12:30 बजे घर से 50 मीटर दूर कोचिंग पढ़ने के जा रहा था की रास्ते में बाइक सवार दो युवकों ने उसका अपहरण कर लिया। सहेज ने शोर मचाया तो एक बदमाश ने उसे चाकू दिखाकर चुप करा दिया। इस पर सहेज चुप हो गया और दोनों बदमाश रामपुर की तरफ जाने लगे। बदमाश सहेज को लेकर नयागांव के सुनसान इलाके में पहुंचे ही थे की मौका देखते ही उसने पीछे बैठे बदमाश के हाथ से चाकू छीनकर झाड़ियों में फेंक दिया। फिर बदमाशो के गुस्से से बचने के लिए उनकी सारी बातें मानने की गुजारिश की।

बरगी हिल्स के आगे उसने बदमाशों को गुदगुदाना, बाल पकड़कर मारना और नोचना शुरू कर दिया। चलती बाइक पर बच्चे की शैतानी से बदमाश परेशान हो गए और मंगेला के पास जंगली इलाके में उसे बाइक से उतार दिया, उसके हाथ पैर जोड़कर माफी मांगी और तेजी से वापस लौट गए। इधर दो घंटे से ज्यादा तक सहेज के घर न लौटने पर परिजन परेशान हुए और फिर उसकी तलाश शुरू की गई। उधर सहेज पास के गुरूद्वारे स्थित लंगर में पंहुचा और पहले अपनी भूख मिटै इसके बाद वहां के लोगो की मदद से घरवालो को जानकारी दी जिसके बाद परिवार वाले पुलिस के साथ गुरूद्वारे पहुंचे और सहेज को घर लेकर लौटे। पहले तो पुलिस को सहेज की बातें झूठी और मनगढ़त लगी लेकिन जब बारीकी से जांच की गई तो उन्हें सत्यता का पता चल गया। अब पुलिस बाइक सवार बदमाशो की तलाश में जुट गई है।