JNU विवाद : कोर्ट में भिड़े वकील, पत्रकार को भी पीटा

Feb 17 2016 02:35 PM
JNU विवाद : कोर्ट में भिड़े वकील, पत्रकार को भी पीटा

नई दिल्ली : दिल्ली के जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय में विद्यार्थियों ने नारेबाजी की। इस मामले में पकड़े गए आरोपी कन्हैया कुमार की पटियाला हाउस कोर्ट में पेशी का विरोध किया जा रहा है। ऐसे में न्यायालय परिसर में वकीलों के दो गुट आपस में भिड़ गए। इसके पूर्व इस से जुड़े मामले की सुनवाई के तहत सर्वोच्च न्यायालय में वंदे मातरम् के नारे लगाए गए। राजीव तड़क नामक अभिभाषक को इस मामले में पकड़ लिया गया। हालांकि माफी मांगने के बाद उसे छोड़ दिया गया।

पटियाला हाउस कोर्ट में कुछ देर में कन्हैया की पेशी होने वाली है। इससे पहले यहाँ वकीलों ने कथिततौर पर नारेबाजी कर विरोध किया। इस दौरान दो गुट द्वारा मारपीट की गई। अभिभाषकों ने आव देखा न ताव पत्रकारों को भी पीट दिया। इस तरह के हंगामे के बाद पुलिस का पहरा बढ़ा दिया गया है। हालांकि इस मामले में जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के आरोपी कन्हैया के मामले की पटियाला हाउस कोर्ट में सुनवाई हेतु सर्वोच्च न्यायालय ने गाईडलाईन जारी की। 

मिली जानकारी के अनुसार सर्वोच्च न्यायालय ने पटियाला हाउस कोर्ट रूम में 5 और और पूरे कैम्पस में 25 पत्रकारों के उपस्थित रहने के निर्देश दिए। न्यायालय परिसर में कन्हैया का परिवार और जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के दो फैकल्टी को ही इस न्यायालय परिसर में रखे जाने पर सहमति बनी। 

सर्वोच्च न्यायालय में दिल्ली पुलिस के अभिभाषकों द्वारा कहा गया कि पटियाला न्यायालय में सिक्युरिटी के पूरे बंदोबस्त कर दिए गए। दिल्ली पुलिस की विशेष टीम नारे लगाने के आरोपी 5 विद्यार्थियों की तलाश कर रही है। बिहार, उत्तरप्रदेश और जम्मू - कश्मीर में छापेमारी की गई। दूसरी ओर कन्हैया को लेकर यह कहा जाता रहा है कि कन्हैया निर्दोष है और वह देशद्रोही नारेबाजी होने के दौरान उन पुलिसकर्मियों के पास खड़ा था जो जेएनयू परिसर में प्रवेश करने वाले विद्यार्थियों के परिचय पत्र जांच रहे थे।