रूस में कोरोना का नया वेरिएंट, जानिए क्या कहते हैं विशेषज्ञ

मॉस्को: रूस में कोविड-19 के डेल्टा वेरिएंट के सबवेरिएंट से जुड़े कई मामले सामने आ चुके हैं। वहीं अब ऐसा कहा जा रहा है कि यह वेरिएंट पहले की तुलना में अधिक संक्रामक और घातक साबित हो सकता है। जी दरअसल हाल ही में एक रिसर्चर कामिल खाफिजोफ ने कहा है कि, 'AY।4।2 का सबवेरिएंट करीब 10 फीसदी ज्यादा घातक है जिसके कारण रूस में रिकॉर्ड नए मामले और मौतें दर्ज की जा रही हैं।'

लेकिन उन्होंने यह भी कहा है कि, 'इसके फैलने की गति फिलहाल धीमी है। वायरस के इस वेरिएंट के खिलाफ वैक्सीन प्रभावी हैं ये इतना अलग नहीं है जो कि एंटीबॉडी की क्षमता को नाटकीय रूप से बदल देता है।' आप सभी को हम यह भी बता दें कि AY।4।2 सबवेरिएंट के मामले इंग्लैंड में बढ़ रहे हैं। वहीं ब्रिटेन में बीते 27 सितंबर से बढ़े मामलों में 6% इसी वेरिएंट से जुड़े मामले हैं। इस बात का खुलासा 15 अक्टूबर को जारी यूके स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी की रिपोर्ट में किया गया है। वहीं ब्रिटेन के स्वास्थ्य मंत्री साजिद जाविद ने बीते बुधवार को कहा कि ''यह मानने का फिलहाल कोई कारण नहीं है कि यह सबवेरिएंट डेल्टा वेरिएंट से ज्यादा बड़ा खतरा साबित हो सकता है।''

दूसरी तरफ रूस के इम्यूनोलॉजिस्ट निकोले क्रुश्कोव ने कहा, 'डेल्टा और उसके सबवेरिएंट भविष्य में भी प्रभावी बने रहेंगे और हो सकता है कि यह कुछ तरह की वैक्सीन के अनुकूल हो जाएं खासतौर पर जहां वैक्सीनेशन की दर 50 फीसदी से कम या लगभग उतनी ही है।' इसी के साथ उन्होंने यह भी कहा कि, 'हालांकि लगता नहीं है कि इसमें कुछ बहुत बड़ा बदलाव होगा क्योंकि कोरोनावायरस की भी एक सीमा है और इसमें आने वाला तेज उछाल पहले ही देखा जा चुका है।'

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