नेताजी के पोते ने कहा : प्लेन क्रैश में नहीं हुई थी नेताजी की मौत

Sep 24 2015 02:27 PM
नेताजी के पोते ने कहा : प्लेन क्रैश में नहीं हुई थी नेताजी की मौत

कोलकाता : नेताजी सुभाष चन्द्र बोस से जुड़ी 64 फाइलों के सार्वजनिक होने के बाद नेताजी के पोते चंद्राकुमार ने कहा है कि इन फाइलों को पढ़ने के बाद एक बात तो साफ है कि नेताजी की मौत प्लेन क्रैश में नहीं हुई थी. सच्चाई वह थी जो मुखर्जी कमीशन ने 2005 में कहा था. उन्होंने कहा कि जस्टिस कमीशन ने कहा था कि नेताजी की मौत प्लेन क्रैश में नहीं हुई थी और जिन अस्थियों को नेताजी की अस्थियां बता कर जापान के रेंकोजी टेम्पल में रखा गया है वे असल में जापानी सोल्जर इजिरो की हैं.

चंद्राकुमार का कहना है कि मेरे पिता अमियोनाथ बोस को नेताजी का लिखा पत्र मिला है. ये पत्र 5 मार्च 1948 को लिखा गया है. इससे साबित जोता है कि 1948-49 तक नेताजी जिंदा थे. उन्होने बताया कि चाउ सियांग क्वॉन्ग वो जो इंफॉर्मेशन एंड ब्रॉडकास्टिंग मिनिस्ट्री नई दिल्ली के ऑफिसर थे. उन्होने अमियोनाथ बोस को पत्र लिखकर बताया था कि उन्हें सबूत मिले हैं की वह नेताजी नैनचिंग में थे. लिकिन ये पत्र इंटेलिजेंस के उन ऑफिसरों के हाथ लग गया जो अमियोनाथ बोस की जासूसी कर रहे थे. इसका ओरिजनल लेटर IB के पास है.

एक स्विस जर्नलिस्ट लिली एबेग ने नेता जी के बड़े भाई शरतचंद्र बोस को 9 दिसंबर 1949 को एक चिट्‌ठी लिखी थी. इस चिट्‌ठी में ये बताया गया है कि जापानी इंटेलिजेंस सोर्स ने बताया था कि नेताजी 1949 में जिंदा थे.