कोरोना की आड़ में जेल से बाहर निकले कुख्यात आतंकवादी

दुनिया के तमाम मुल्‍कों में एक तरफ जहां कोरोना वायरस से होने वाली मौतों के चलते त्राहिमाम की स्थिति है तो वहीं दूसरी ओर पाकिस्‍तान में आतंकी समूहों की इस महामारी ने 'पौ-बारह' कर दी है. मीडिया से मिली जानकारी के मुताबिक, एफएटीएफ की कार्रवाई के डर से आतंकी समूहों के जिन गुर्गों को जेलों में बंद कर दिया गया था अब उन्‍हें कोरोना वायरस के जोखिम का हवाला देकर रिहा कर दिया गया है. पाकिस्‍तान ने खुद को FATF द्वारा ब्‍लैकलिस्‍ट किए जाने से बचने के लिए इन खूंखार आतंकियों को जेल में डाल दिया था. 

तानाशाह की मौत की ख़बरों पर लगा विराम, 20 दिन बाद सामने आया किम जोंग

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, लश्कर प्रमुख हाफिज सईद समेत ये आतंकी अब अपने घरों में आराम से रह रहे हैं और आतंकी हमलों की साजिश रच रहे हैं. बता दें कि पिछले महीने पंजाब प्रांत के मुख्यमंत्री ने ट्वीट कर बताया था कि लाहौर जेल के लगभग 50 कैदी कोरोना से संक्रमित पाए गए थे. इन परिस्थितियों ने पाकिस्तानी आतंकवादियों को रिहा किए जाने के लिए एक एंटीबायोटिक दवा का काम किया. मालूम हो कि एफएटीएफ ने पाकिस्‍तान को बिना कोई राहत दिए फ‍िलहाल ग्रे लिस्‍ट में रखा है. 

कोरोना काल के बीच महायुद्ध की तैयारी में जुटा रूस, बना रहा तबाही का सबसे बड़ा सामान

इसके अलावा अगले महीने आतंकवादी समूहों की फंडिंग के मसले पर एफएटीएफ की समीक्षा बैठक है. ऐसे में जब पाकिस्‍तान में आतंकियों पर नकेल कसने के बजाए उन्‍हें रिहा किया जा रहा है और आतंकवाद को लेकर जमीनी हालात खतरनाक इशारा कर रहे हैं देखना यह होगा कि एफएटीएफ पाकिस्‍तान के खिलाफ अब क्‍या रुख अख्तियार करता है. यह भी देखना हो कि जब अंतरराष्‍ट्रीय समुदाय का ध्‍यान कोरोना पर है पाकिस्‍तान ने इसका फायदा उठाते हुए आतंकियों को आजादी दे रखी है. 

रॉस टेलर को तीसरी बार मिला शीर्ष खिलाड़ी का ख़िताब, बोले- 2023 का वर्ल्ड कप है लक्ष्य

स्वीडन में मिला बलूच पत्रकार का शव, करता था पाक सरकार की आलोचना

कोरोना महामारी के चलते टली नवाज़ शरीफ की सर्जरी, बेटी मरियम ने दी जानकारी

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -