मौजूदा व्यवस्था में हिंसात्मक पॉर्न को रोक पाना बेहद जटिल, CBI

Oct 09 2015 04:41 PM
मौजूदा व्यवस्था में हिंसात्मक पॉर्न को रोक पाना बेहद जटिल, CBI

नई दिल्ली। गुरुवार को सीबीआई ने सुप्रीम-कोर्ट को अपनी जानकारी में बताया की मर्दो में हवस के कारण देश में हिंसक साइबर पोर्न तेजी से बढ़ रहा है व आगे दोहराया है की आज की मौजदा व्यवस्था में इन हिंसात्मक पोर्न को पूरी तरीके से रोक पाना काफी कठिन है. सीबीआई के इस हलफनामे में कहा है की  'पुरुषो की कभी न पूरी होने वाली हवस की मांग की पूर्ति के लिए पॉर्न कंटेंट जो लोग उपलब्ध करवाते है व हर बार इन साइटों को बदलते रहते हैं, जिस पर रोक कर पाना हमारे लिए बहुत मुश्किल है। सीबीआई ने कहा की सूचना तकनीक के क्षेत्र में आए बदलाव व तेजी ने बलात्कार व गैंगरेप की घटनाओ को एक नया रूप दे दिया है.

तथा आगे कहा है की यह एक कड़वी सच्चाई है. सीबीआई ने दोहराया है की इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर्स व सोशल नेटवर्किंग साइट्स के साथ एक सीबीआई अधिकारी तैनात हो. अपराधियों को पकड़ने के लिए सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि ज्यादातर अपराधी दूसरे देशों के होते है. व सीबीआई अधिकारी की तैनाती से इन मामलो में काफी सहायता की जा सकती है. व ऐसे आरोपी यह अपराध करने के बाद इसकी रिकॉर्डिंग कर सोशलमीडिया साइट्स पर डाल देते है व इसके द्वारा दूसरे पुरुषो को भी इसके लिए उकसाया जाता है.