ये आदतें बनती हैं किडनी में पथरी का कारण

ये आदतें बनती हैं किडनी में पथरी का कारण

इंसान के शरीर में अगर कोई भी बीमारी हो जाये तो काफी परेशानी होती है. वह अपने शरीर की देखभाल किस तरह करता है यह पूरी तरह से उसी व्यक्ति पर निर्भर करता हैं. व्यक्ति की आदतें ही उसके बिगड़ते स्वास्थ्य का कारण बनती हैं. ऐसे ही किडनी की भी बीमारी होती है जो बेहद ही खतरनाक होती है. आज हम आपको कुछ ऐसी आदतों के बारे में बताने जा रहे हैं जो पथरी का कारण बनती हैं. अगर इन आदतों में आपको भी शामिल हैं तो तुरंत ही बदल लें. 

नमक का ज्यादा सेवन करना
जो लोग नमक का अधिक मात्रा में सेवन करते हैं, उनकी किडनी फेल होने का खतरा होता हैं क्योंकि नमक में सोडियम किडनी की समस्याओं को बढ़ा देता है. नमक के और भी कई नुकसान हैं जिनमें हाइपरटेंशन की परेशानी हो सकती हैं.

कॉफी का अधिक सेवन
कॉफी में मौजूद कैफीन किडनी को नुकसान पहुंचा सकता है. यही वजह है कि डॉक्टर दिन में सिर्फ एक या दो कॉफी पीने की सलाह देते हैं. इसमें कुछ ऐसे तत्व पाए जाते हैं, जो सीधे किडनी पर प्रभाव डालते हैं.

पेशाब को देर तक रोकना
कभी-कभी काम करते हुए या किसी अन्य कारण से बहुत से लोग पेशाब को रोककर रखते हैं, ये किडनी के बहुत खतरनाक हो सकता है. जिससे आपको सिर्फ किडनी की पथरी ही नहीं बल्कि यूटीआई जैसी गंभीर समस्या भी हो सकती है. इसलिए पेशाब को ज्यादा देरतक न रोककर रखना चाहिए.

पूरी नींद न लेना
अगर कोई भी व्यक्ति कम नींद लेता है तो उसकी किडनी फेल होने का चांस बढ़ जाता है. हर दिन 7 से 8 घंटे की नींद बेहद जरूरी होती है. मोबाइल औत टीवी के बढ़ते इस्तेमाल से आजकल के युवा बहुत कम सो पाते हैं. यही वजह है कि बहुत कम उम्र में ही लोगों को किडनी से जुड़ीं समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है.

कम पानी पीना
कम पानी पीना किडनी की पथरी का सबसे बड़ा कारण है. एक्सपर्ट मानते हैं कि जो लोग रोजाना आठ से दस गिलास पानी नहीं पीते हैं, उनमें किडनी की पथरी की समस्या अधिक देखी जाती है. जब यूरिक एसिड, मूत्र के एक घटक को पतला करने के लिए पर्याप्त पानी नहीं होता है, तो मूत्र अधिक अम्लीय हो जाता है. मूत्र में अत्यधिक अम्लीय वातावरण से गुर्दे की पथरी बन सकती है.

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