ऐसा गांव जहाँ बचपन और जवानी में ही बूढ़े हो रहे हैं लोग

Jan 09 2019 03:22 PM
ऐसा गांव जहाँ बचपन और जवानी में ही बूढ़े हो रहे हैं लोग

आज के समय में सभी लोग खुद को जवान ही रखना चाहते हैं और इसके लिए वो ना जाने कितने खटकरण अपनाते हैं. लेकिन हम आपको आज एक ऐसे गांव के बारे में बता रहे हैं जहां के लोग जवानी में ही बूढ़े होने लगे हैं. जी हाँ... भू गर्भ से निकलने वाला पानी इस गांव के ग्रामीणों के लिए जहर बना हुआ है और इस वजह से जवानी ने यहाँ के लोग बूढ़े जैसे दिखने लगे हैं. हम बात कर रहे हैं छत्तीसगढ के बीजापुर जिले के मुख्यालय से करीब 60 किमी दूर भोपालपटनम में स्थित एक गांव के बारे में जहां पर युवा 25 वर्ष की आयु में ही लाठी लेकर चलने को मजबूर हो रहे है.

जी हाँ... इस गांव के करीब 40 फीसदी लोग उम्र से पहले ही या तो लाठी के सहारे चल रहे हैं और या फिर वो बिलकुल ही बूढ़े हो जाते हैं. इसकी वजह लोगों का कोई शारीरिक दोष नहीं, बल्कि यहां के भूगर्भ में ठहरा पानी है. दरअसल इस गांव के हैंडपंपों और कुओं से जो पानी निकलता है उसमे फ्लोराइड की मात्रा अधिक होने के कारण पूरा का पूरा गांव समय से पहले ही अपंगता के साथ-साथ लगातार मौत की ओर बढ़ रहा है. इस गांव में शुद्ध पेयजल की भी कोई व्यवस्था नहीं है जिसके कारण गांव के लोगों को फलोराइड युक्त पानी ही पीना पड़ता है.

इस गांव में 8 साल से लेकर 40 वर्ष तक का हर तीसरे व्यक्ति में कुबड़पन, दांतों में सडऩ, पीलापन और बुढ़ापा जैसी समस्या दिखाई दें जाती हैं. इस गांव के बारे में लोगों का कहना है कि गांव में पांच नलकूप और चार कुएं हैं, इनमें से सभी नलकूपों और कुओं में फलोराइड युक्त पानी निकलता है. उनका ये भी कहना है कि लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने तो गांव के सभी नलकूपों को सील कर दिया था लेकिन फिर भी इस गांव के लोग अब भी दो नलकूपों का इस्तेमाल कर रहे हैं.

ये है 5 स्टार जेल, जहां कैदी क्या आप भी जाना चाहेंगे

शादी में कपल को मिला थर्मोकोल का केक और हो गया बखेड़ा

इस कपल को नहीं समझ आती थी एक-दूसरे की भाषा तो गूगल ट्रांसलेशन के जरिए किया प्रपोज़