बे आवाज दिल

एक आरजू दिल में छुपाये फिरता हुँ,

प्यार करता हुँ ,

पर इजहार से डरता हुँ.

कही नाराज न होना.

मेरी ख़ामोशी को देखकर.

में खामोश रह कर भी.

तेरी धडकनों को सुना करता हूँ.

मेरी दुनिया पर तेरा ही राज था.

कभी तेरे सर पर भी मेरे प्यार का ताज था .

मेरा दिल तोडा तुमने पर पता न चला.

क्यों की टुटा दिल मेरा बे आवाज था .

- Sponsored Advert -

Most Popular

- Sponsored Advert -