विशेष: कैसे बना रहे पर्यावरण का आवरण ?

विश्व पर्यावरण दिवस संयुक्त राष्ट्र में पर्यावरण के लिए मनाया जाने वाला सबसे बड़ा उत्सव हैं. पर्यावरण और जीवन का अनोखा संबंध हैं. दुर्भाग्य से कुछ लोगों का ये मानना है कि केवल सरकार और सामान्य तौर पर बड़ी कंपनियों को पर्यावरण के संरक्षण के लिए कुछ करना चाहिए. ये सत्य नहीं हैं. वास्तव में हरेक व्यक्ति पर्यावरण को प्रदूषण, अवशेषों, सभी प्रकार के कचरे से होने वाली गंदगी और बढ़ती आबादी से इसकी रक्षा करने में सक्षम हैं.

वास्तव में "गो ग्रीन " कहने के लिए ही नहीं बल्कि करने में भी आसान हैं. आज के समय में पर्यावरण का ध्यान रखना हर किसी की जिम्मेदारी और अधिकार होना चाहिए और विशेषकर आने वाली पीढ़ियों के लिए पर्यावरण का संरक्षण बहुत जरुरी हैं. सही मायनों में पर्यावरण सुरक्षा और संरक्षण प्राप्त किया जा सकता हैं. कोई भी व्यक्ति जरा सी इच्छा रख और थोड़े से प्रयास से पर्यावरण को सुरक्षा और संरक्षण दे सकता हैं. पर्यावरण संरक्षण और जलवायु परिवर्तन ने पूरी दुनिया को प्रभावित किया हुआ हैं. इस समस्या से उबरने के लिए पूरी दुनिया को एक होने की जरुरत हैं. दुर्भाग्य से, गरीब देशों को जो मुख्य रूप से अपने अस्तित्व के लिए प्राकृतिक वातावरण पर निर्भर करते है, उन्हें गरीबी से निपटने के लिए पर्यावरण संबंधी चिंताओं से निपटने में सक्षम होने के लिए मदद की जरूरत हैं.

पर्यावरण को दूषित होने से बचाने के लिए हमे इस्तेमाल की गई वस्तुओं की पुनरावृत्ति करनी होगी. लगभग सभी चीजों की पुनरावृत्ति की जा सकती हैं. ऐसे उत्पादों को खरीदने की कोशिश करें जो पुनरावृत्ति करने में सक्षम हो. कांच, कागज , प्लास्टिक या धातु , इन सभी चीजों को फिर से इस्तेमाल किया जा सकता हैं.खाली जार , शराब की बोतलें , टूटा चश्मा और अन्य कोई वास्तु जो कांच से बनी हो और अब उपयोगी नहीं है ऐसी चीजों की पुनरावृत्ति होनी चाहिए. इसके अलावा पुराने अखबारों , खराब कागज , गत्ता आदि जिनकी कोई जरूरत नहीं सभी की पुनरावृत्ति की जानी चाहिए.

विश्व पर्यावरण दिवस: पर्यावरण के लिए वृक्षारोपण क्यों है जरुरी

पर्यावरण दिवस : इंसानों ने नहीं की धरती माँ के इस नायाब तोहफे की कदर

 

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