बेहद खतरनाक होगा चक्रवात मोचा ! बंगाल के तटीय इलाकों में NDRF टीमें तैनात, कोस्ट गार्ड भी अलर्ट पर

कोलकाता: बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पूर्व में दबाव के क्षेत्र ने आज गुरुवार (11 मई) को तेज होकर चक्रवाती तूफान मोचा का रूप धारण कर लिया है. Cyclone Mocha को बीते 6 घंटों के दौरान उत्तर-पश्चिम की तरफ जाते हुए देखा गया और ये पूरी तरह से एक चक्रवाती तूफान में तब्दील हो गया. इस दौरान चक्रवात की रफ्तार 8 किमी प्रतिघंटा दर्ज की गई. चक्रवात मोचा के मद्देनज़र पूर्वी भारत के राज्यों को अलर्ट कर दिया गया है. चक्रवाती तूफान को ध्यान में रखते हुए पश्चिम बंगाल में राष्ट्रीय आपदा अनुक्रिया बल (NDRF) की टीमें तैनात कर दी गई हैं

रिपोर्ट के अनुसार, NDRF की 3 टीमें पूर्वी मिदनापुर में तैनात हैं. इन्हें रामनगर 1 ब्लॉक, रामनगर 2 और हल्दिया में तैनात किया गया है. शेष 2 टीमें दक्षिण 24 परगना के गोसाबा कुलतली और काकद्वीप में लगाई गईं है. एक टीम अलर्ट मोड में उत्तर 24 परगना के हिंगलगंज और संदेशखली में तैनात है. इसके साथ ही तूफान को लेकर पुख्ता तैयारियां की गईं हैं. कोस्ट गार्ड टीम हाईअलर्ट पर है. कोस्ट गार्ड डिजास्टर रिलीफ टीम भी गठित कर दी गई है, जो ओडिशा और पश्चिम बंगाल के तटीय इलाकों में सक्रीय हो चुकी है.

मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिम बंगाल में तैयार हुआ दबाव वाला क्षेत्र चक्रवाती तूफान में तब्दील हो रहा है. 12 मई की दोपहर तक ये बेहद खतरनाक तूफान बन जाएगा. आशंका है कि चक्रवात 14 मई की सुबह बांग्लादेश के कॉक्स बाजार और म्यांमार के कुकपीयू में टकरा सकता है. तट से टकराने के दौरान मोचा की रफ्तार 130 किलोमीटर प्रतिघंटा रह सकती है. हालांकि, पश्चिम बंगाल पर इसका कितना प्रभाव पड़ेगा, ये अभी तक स्पष्ट नहीं हुआ है. किन्तु, बंगाल सरकार ने अभी से ही तटीय क्षेत्रों में तैयारियां आरम्भ कर दी है. स्थानीय प्रशासन को कहा गया है कि वह फ़ौरन आवश्यक प्रबंध करे.

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